अलवर में रोडवेज बस ने स्कूटी सवार महिला टीचर को कुचल दिया। करीब 20 मीटर तक घसीटते हुए ले गई। टीचर का सिर टायर के नीचे आने से बुरी तरह से कुचल गया। हेलमेट भी टुकड़े-टुकड़े हो गया। टीचर की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। पुलिस और परिजनों को सूचना दी। घटना से आक्रोशित लोगों ने शव को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। घटना जयपुर रोड पर भाखेड़ा के पास बुधवार सुबह करीब 11.30 बजे की है। टीचर अंबाला सोनी भाखेड़ा के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय से पढ़ाकर घर जा रही थीं। घटना की सूचना पर सीओ सिटी राजेश कसाना और एडीएम सिटी अंबालाल मीणा मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों से समझाइश कर जाम खुलवाया। इसके बाद शव को अस्पताल भिजवाया। प्रशासन ने लोगों को आश्वासन दिया कि आज से ही हादसे वाली जगह पर ब्रेकर और साइन बोर्ड लगाने का काम शुरू करवा दिया जाएगा, जिससे कि भविष्य में कोई हादसा नहीं हो। पुलिस ने की लोगों से समझाइश स्कूल से 100 मीटर दूर हादसा साथी टीचर शालू चौहान ने बताया- अंबाला सोनी अलवर में मुंशी बाजार के रहने वालीं थी। यहां 8 साल से पढ़ा रहीं थीं। उनके पति आकाश सोनी आयसर कंपनी में मैनेजर हैं। उनके दो बच्चे हैं। छोटा बेटा एलकेजी और बड़ा बेटा तीसरी कक्षा में पढ़ता है। अंबाला सोनी स्कूल से निकलीं थीं। करीब 100 मीटर दूर रोडवेज बस ने कुचल दिया। इनका घर घटना स्थल से करीब 5 किलोमीटर दूर है। आगे भी हो सकता है कोई हादसा मौके पर मौजूद महिला नरबदा सैनी ने बताया कि यह मेरी गली के बाहर हुआ है। मैडम स्कूटी से धीरे-धीरे चल रही थीं। जयपुर की ओर से तेज रफ्तार में आ रही बस ने उन्हें टक्कर मार दी। नरबदा सैनी ने बताया कि रोडवेज के ड्राइवर बसों को तेज रफ्तार से निकालते हैं। पंचायत में दो शिफ्ट में स्कूल संचालित होते हैं। सुबह की शिफ्ट में भाखेड़ा स्कूल और शाम को धोलाकुआं स्कूल संचालित होता है। बच्चे भी पैदल आते हैं। आज टीचर की जान गई है, कल कोई बच्चा भी हादसे का शिकार हो सकता है। लोगों ने सड़क पर जाम लगा दिया घटना के बाद मौके पर आसपास के लोग एकत्रित हो गए। हादसे से गुस्साए लोगों ने बस को आगे नहीं जाने दिया और शव को सड़क पर रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। जिसके चलते जयपुर रोड पर ढाई घंटे जाम लगा रहा।