जिले के चर्चित अमृत देवासी हत्याकांड के करीब तीन साल बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली है। मामले का खुलासा करने और आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग को लेकर मृतक अमृत देवासी की मां रतन देवासी और उनकी 80 वर्षीय नानी पिछले सात दिनों से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठी हैं। सोमवार को परिजनों ने जिला कलेक्टर और एसपी को ज्ञापन सौंपकर न्याय दिलाने की गुहार लगाई। देवासी समाज से सहयोग की अपील लगातार सात दिनों से जारी अनशन के बीच परिजनों ने देवासी समाज सहित सर्व समाज के लोगों से न्याय की इस लड़ाई में आगे आकर सहयोग करने का आह्वान किया है। इसके साथ ही, उन्होंने राज्य सरकार में मंत्री ओटाराम देवासी और रानीवाड़ा विधायक रतन देवासी से भी व्यक्तिगत रूप से हस्तक्षेप कर दोषियों को सजा दिलाने और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने का आग्रह किया है। परिजन बोले- आश्वासन तो मिले, पर धरनास्थल कोई नहीं पहुंचा मृतक की मां रतन देवासी ने बताया कि अनशन के दौरान जालोर विधायक व मुख्य सचेतक जोगेश्वर गर्ग और मंत्री ओटाराम देवासी ने उनसे फोन पर बातचीत कर आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी का भरोसा दिया था। हालांकि, एक सप्ताह गुजर जाने के बाद भी धरातल पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। परिजनों ने निराशा व्यक्त करते हुए कहा कि इतने दिनों से जारी भूख हड़ताल के बावजूद अब तक कोई भी जनप्रतिनिधि या जिम्मेदार अधिकारी धरनास्थल पर उनकी सुध लेने नहीं पहुंचा है। यह था पूरा मामला मामला 27 जून 2023 का है, जब भैंसवाड़ा गांव निवासी अमृत देवासी अपने रिश्तेदार की बारात में शामिल होने के लिए खारा गांव गया हुआ था। बारात के दौरान वह संदिग्ध परिस्थितियों में अचानक गायब हो गया और अगले ही दिन खारा गांव के एक तालाब में उसका शव तैरता हुआ मिला था। परिजनों का आरोप है कि अमृत की हत्या की गई थी, लेकिन घटना के तीन साल बीत जाने के बाद भी पुलिस असली गुनाहगारों तक नहीं पहुंच सकी है।