भोपाल में रिटायर्ड IAS अधिकारी राकेश अग्रवाल की बुधवार सुबह सूरजनगर स्थित घर में हत्या कर दी गई। उनका शव कमरे में जमीन पर मिला। गले पर धारदार हथियार के निशान हैं। घर में अलमारी के लॉक टूटे मिले। किचन में LPG सिलेंडर का पाइप निकला था, जिससे पूरे घर में गैस भर गई थी। आग लगाने की साजिश थी। शुरुआती जांच में पुलिस का शक 27 सितंबर को काम पर रखे गए केयरटेकर वरुण कुमार पर है, जो वारदात के बाद से लापता है। वरुण की आखिरी लोकेशन कुरवाई-बीना रोड मिली है। वरुण CCTV फुटेज में घर से जाते दिख रहा है। बेटे के लौटने के बाद होगा अंतिम संस्कार राकेश अग्रवाल के इकलौते बेटे अमेरिका की एक यूनिवर्सिटी में जॉब करते हैं। घटना की सूचना मिलने के बाद उनके गुरुवार रात तक भोपाल पहुंच सकते हैं। बेटे के भोपाल पहुंचने के बाद शुक्रवार को भदभदा विश्रामघाट में राकेश अग्रवाल का अंतिम संस्कार किया जाएगा। रिटायर्ड आईएएस राकेश अग्रवाल की हत्या की शॉर्ट पोस्टमार्टम रिपोर्ट आई। इसमें धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई है। घर की अलमारियों का सामान बिखरा मिला था। वारदात से जुड़ी तस्वीरें देखिए… सुबह 5:30 बजे बाहर से बंद मिला मेन डोर राकेश अग्रवाल की पत्नी निशी अग्रवाल ने बताया- बुधवार सुबह करीब 5:30 बजे मेरी नींद खुली। मॉर्निंग वॉक के लिए निकल रही थी, तभी मेन डोर बाहर से बंद मिला। मैंने घर के कर्मचारी अमर थापा को फोन किया। उन्होंने बताया- इसके बाद राकेश अग्रवाल के कमरे की तरफ गईं। दरवाजा खोलने पर राकेश अग्रवाल का शव जमीन पर पड़ा मिला। उन्होंने आसपास के लोगों और घर के नौकरों को जानकारी दी। सूचना के बाद रातीबड़ पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। घर में कोई कीमती ज्वेलरी नहीं रखी थी राकेश अग्रवाल की पत्नी ने पुलिस को बताया कि घर में कोई कीमती ज्वेलरी नहीं रखी थी। अग्रवाल दंपती का एक ही बेटा है, जो फिलहाल अमेरिका में रहता है। वह अपने पति के साथ यहां रहती हैं। घर का एक नौकर वरुण कुमार गायब है। उसका सामान भी घर में नहीं मिला है। वरुण को 27 सितंबर को काम पर रखा था पत्नी ने बताया- वरुण कुमार को केयरटेकर के तौर पर रखा गया था। उसे दवाएं समय पर देने, घर के अंदरूनी हिस्से की देखरेख, पानी भरने और सामान लाने जैसे काम करने थे। उसके रहने के लिए घर के पिछले हिस्से में कमरा दिया गया था। वरुण को भोपाल की वर्मा एजेंसी के जरिए नौकरी मिली थी। घर में गैस भरी मिली पुलिस को घर में आग लगाने की कोशिश के संकेत भी मिले हैं। किचन में LPG सिलेंडर का पाइप निकला हुआ था। पूरे घर में गैस भर गई थी। घर की अलमारी के लॉक टूटे मिले हैं। इसी आधार पर लूट के इरादे से हत्या किए जाने की आशंका की भी जांच की जा रही है। सूरज नगर से भदभदा की ओर जाते दिखा केयरटेकर पुलिस के मुताबिक, हत्या रात 12 बजे से 2 बजे के बीच हुई। इसके करीब 15 मिनट बाद यानी 2:15 बजे वरुण सूरज नगर से भदभदा की ओर जाने वाली सड़क पर एक दुकान के CCTV में दिखाई दिया। फुटेज में वह सड़क पर जाता हुआ दिख रहा है। वह किस दिशा में गया और उसके बाद कहां पहुंचा, इसकी जांच की जा रही है। पुलिस को उसकी आखिरी लोकेशन कुरवाई-बीना रोड पर मिली है। वर्मा होम हेल्थ केयर से पुलिस ने जुटाए दस्तावेज भोपाल में वर्मा होम हेल्थ केयर विश्वकर्मा नगर, गणेश मंदिर के पास बागसेवनिया में संचालित है। कंपनी बुजुर्गों और मरीजों की देखरेख, घर पर चिकित्सीय सहायता, बच्चों की देखभाल के लिए सहायक और होम फिजियोथेरेपी जैसी सेवाएं उपलब्ध कराती है। रिटायर्ड आईएएस हत्याकांड की जांच के दौरान पुलिस कंपनी के कार्यालय पहुंची। जिम्मेदारों से आरोपी वरुण से जुड़ी जरूरी जानकारी और दस्तावेज हासिल किए। पुलिस अब इन दस्तावेजों के आधार पर आरोपी के बैकग्राउंड और वेरिफिकेशन की जानकारी जुटा रही है। जीतू पटवारी ने सरकार पर निशाना साधा मर्डर को लेकर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को घेरा। उन्होंने लिखा- देश के सबसे असफल गृहमंत्री की उपलब्धि हासिल करने के बाद भी यदि सत्ता, सिस्टम और सरकार में कोई सुधार नहीं है, तो आपका पूरा तंत्र ‘निकृष्ट और निर्लज्ज’ हो चुका है। कई बिंदुओं पर जांच जारी एसीपी अंकिता खातरकर ने बताया- हत्या के मकसद के साथ घर में जबरन घुसने के निशान, कोई सामान गायब होने, गैस खोलने और केयरटेकर के वारदात के बाद गायब होने जैसे पहलुओं की जांच कर रही है। उन्होंने बताया- वारदात के समय घर में कौन मौजूद था। हत्या के बाद घटनाक्रम क्या रहा, इसकी भी पड़ताल की जा रही है। इन बिंदुओं पर जांच पूरी होने के बाद ही घटना की पूरी तस्वीर साफ होगी। पुलिस यह जांच कर रही है कि उसका पुलिस वेरिफिकेशन हुआ था या नहीं। एजेंसी से भी संपर्क किया जा रहा है। उसका रजिस्ट्रेशन, लाइसेंस और अन्य विवरण भी जांच के दायरे में हैं। एक्सपायर चरित्र प्रमाण पत्र पर मिली नौकरी केयर टेकर ने नौकरी के समय पंजाब पुलिस से जारी चरित्र प्रमाण पत्र दिया था। यह प्रमाण पत्र वर्ष 2025 में जारी हुआ था, लेकिन करीब पांच महीने पहले ही इसकी वैधता खत्म हो चुकी थी। पुलिस जांच में सामने आया है कि इसके बाद भी वर्मा हेल्थ केयर की ओर से उसका दोबारा चरित्र सत्यापन नहीं कराया गया। मोबाइल, नकदी और सामान भी ले गया वारदात के बाद हत्यारा राकेश अग्रवाल का मोबाइल फोन भी अपने साथ ले गया। घर से कुछ नकदी और अन्य सामान गायब होने की जानकारी भी सामने आई है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी के भागने के रास्ते और उसके साथ ले जाए गए सामान की जानकारी जुटा रही है। एजेंसी का रिकॉर्ड नहीं, वारदात के बाद ऑफिस पर ताला राकेश अग्रवाल हत्याकांड में केयरटेकर उपलब्ध कराने वाली एजेंसी को लेकर भी पुलिस की जांच आगे बढ़ रही है। बागसेवनियां स्थित वर्मा होम हेल्थ केयर एजेंसी के ऑफिस पर वारदात के बाद ताला लगा दिया गया। घटना की जानकारी नहीं मिलने तक बुधवार दोपहर तक ऑफिस खुला था। बोर्ड पर संचालक अखिलेश वर्मा और आनंद वर्मा के नाम दर्ज हैं। साथ ही रजिस्ट्रेशन नंबर BHOP260418SE1794 दर्ज है। पुलिस के पास फिलहाल एजेंसी के जरिए उपलब्ध कराए गए केयरटेकरों का पूरा रिकॉर्ड नहीं है। मकान मालिक के मुताबिक एजेंसी का रेंट एग्रीमेंट 30 सितंबर तक था और संचालक ने एजेंसी बंद करने की बात कही थी। पुलिस अब एजेंसी के रजिस्ट्रेशन, संचालकों और यहां से भेजे गए केयरटेकरों का रिकॉर्ड खंगाल रही है। पहले भी केयरटेकर से जुड़ी वारदातें केयरटेकर से जुड़ी पुरानी घटनाओं ने जांच का दायरा बढ़ा दिया है। 25 सितंबर को अवधपुरी में 71 वर्षीय मोहन चौधरी पर घर में हथौड़े से हमला हुआ था। जून में ऐशबाग में 64 वर्षीय हेमंत वारिक और 62 वर्षीय शकुंतला की हत्या के मामले में भी परिचित व्यक्ति की भूमिका सामने आई थी। अप्रैल 2025 में इंद्रपुरी में 99 वर्षीय पूर्व डीजीपी एनएम जोशी के साथ उनके केयरटेकर द्वारा कथित वारदात का मामला सामने आया था। पुलिस कमिश्नर बोले- डेटा चेक किया जाएगा पुलिस कमिश्नर संजय कुमार ने कहा है कि शहर में सक्रिय केयरटेकर एजेंसियों और उनके पास उपलब्ध रिकॉर्ड का डेटा चेक कराया जाएगा। एजेंसियों से केयरटेकरों की पहचान, पता और पुलिस वेरिफिकेशन की जानकारी लेने पर भी फोकस है। ……………………… ये खबर भी पढ़ें… भोपाल में लेडी इंस्पेक्टर की हत्या, प्रेमी ने किया सुसाइड भोपाल में दतिया की आरटीओ इंस्पेक्टर मीनाक्षी गोखले (35) का शव मिला है। उनके सिर पर चोटों के निशान थे। मकान मीनाक्षी के दोस्त पवन कुमार द्विवेदी (35) का है। घर से करीब 20 मीटर दूर पेड़ पर पवन का शव फंदे से लटका मिला। पढे़ं पूरी खबर…