भारतीय किसान संघ तहसील गिलुण्ड की बैठक मंगलवार को गिलुंड के पंचमुखी हनुमान मंदिर परिसर में हुई। बैठक में जवासिया, कुंडिया, गिलुण्ड, कोटड़ी सहित कई पंचायतों से किसान प्रतिनिधि पहुंचे। बैठक में हर गांव में किसान संघ की ग्राम समिति बनाने का फैसला हुआ। पंचायत प्रभारियों की नियुक्ति पर सहमति बनी। सदस्यता अभियान में तहसील क्षेत्र में 10 हजार सदस्य बनाने का लक्ष्य तय किया गया। किसान प्रतिनिधियों ने नीलगाय और जंगली सुअरों से फसलों को हो रहे नुकसान का मुद्दा उठाया। मातृ कुंडिया बांध के डूब क्षेत्र का मामला भी रखा गया। आसपास के खेतों में पानी के रिसाव से जलभराव की समस्या बताई गई। निर्धारित क्षमता से ज्यादा पानी रोकने से अनधिकृत डूब का मुद्दा उठा। रासायनिक डंपिंग से फसलों को हो रहे नुकसान का मुआवजा दिलाने की मांग रखी गई। जंगली सुअरों से फसल बर्बाद होने पर किसानों को हो रही आर्थिक क्षति की सरकार से भरपाई कराने की मांग पर भी सहमति बनी। पदाधिकारियों ने किसान हितों के मुद्दों पर आने वाले दिनों में प्रभावी स्तर पर आवाज उठाने का निर्णय लिया। इस दौरान रेलमगरा तहसील अध्यक्ष माधवलाल जाट, गिलुण्ड अध्यक्ष अखिलेश चौधरी, कुंवारिया अध्यक्ष शांतिलाल कीर, जिला पर्यावरण मंत्री मोहनलाल प्रजापत, जिलाध्यक्ष सुरेश शर्मा, संभाग प्रतिनिधि गोपाल आचार्य, मातृकुंडिया संघर्ष समिति से मुकेश, आशाराम, माधवलाल सहित किसान प्रतिनिधि मौजूद थे।