जैसलमेर में रबी सीजन की बुआई के वक्त किसानों को यूरिया-डीएपी खाद की कमी से न जूझना पड़े, इसके लिए कृषि विभाग अलर्ट है। विभाग ने जिलेभर में फर्टिलाइजर, बीज और कीटनाशक की सभी दुकानों की डिजिटल मॉनिटरिंग और औचक निरीक्षण का अभियान शुरू किया है। इसके तहत 'राजएग्री क्यूसी' मोबाइल ऐप के जरिए दुकानों की ऑनलाइन जांच की जा रही है। जिला प्रशासन और कृषि विभाग के उच्चाधिकारियों ने सभी कृषि निरीक्षकों से कहा है कि वे 7 दिन के भीतर अपने-अपने एरिया की सभी दुकानों का फिजिकल वैरिफिकेशन करें और स्टॉक का मिलान हर हाल में पूरा कर लें, ताकि खाद की सप्लाई पारदर्शी बनी रहे। कालाबाजारी-जबरन टैगिंग रोकने के लिए सख्त कदम संयुक्त निदेशक कृषि (विस्तार) जिला परिषद जैसलमेर महावीर प्रसाद छींपा ने बताया- इस स्पेशल चेकिंग ड्राइव का मुख्य उद्देश्य खाद की कालाबाजारी पर पूरी तरह लगाम लगाना है। साथ ही यह भी तय किया जा रहा है कि किसानों को सरकार की ओर से तय किए गए उचित दामों पर ही खाद मिले। खाद के साथ जबरन दूसरे गैर-जरूरी उत्पाद थमाने (टैगिंग) जैसी अवैध गतिविधियों पर रोक लग सके। ऐप के जरिए ऐसे होगी मॉनिटरिंग जिले में खाद का पर्याप्त स्टॉक मौजूद महावीर प्रसाद छींपा ने बताया- सीमावर्ती जिले की सभी तहसीलों में निजी डीलर्स और सहकारी सोसायटियों के पास रबी सीजन के लिए यूरिया, डीएपी और अन्य जरूरी खादों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। किसानों को किसी भी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। लापरवाही बरतने वालों पर होगी कड़ी कानूनी कार्रवाई प्रशासन ने साफ चेतावनी दी है कि जो भी दुकानदार या डिस्ट्रीब्यूटर इस औचक जांच अभियान के दौरान सहयोग नहीं करेगा या नियमों के खिलाफ काम करता पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक और कानूनी कार्रवाई की जाएगी। किसानों से भी अपील की गई है कि वे तय रेट पर ही खाद खरीदें और किसी भी गड़बड़ी की तुरंत सूचना विभाग को दें।