जोधपुर नगर निगम चुनाव के लिए कांग्रेस उम्मीदवारों का चयन तीन चरण की प्रक्रिया में किया जा रहा है। पहले चरण में पर्यवेक्षकों ने वार्डों में जाकर पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ताओं से रायशुमारी की। दूसरे चरण में टिकट के दावेदारों से ऑनलाइन और ऑफलाइन आवेदन लिए गए हैं। ऑफलाइन आवेदन 6 ब्लॉक अध्यक्षों और शहर जिला कार्यालय में लिए गए। अब तीसरे चरण में पर्यवेक्षक दावेदारों से व्यक्तिगत मुलाकात करके उनके जीत के समीकरणों और बैकग्राउंड की जानकारी सहित आवेदन ले रहे हैं। शहर की तीनों विधानसभाओं के पर्यवेक्षक सभी दावेदारों से आवेदन लेने के बाद पार्टी के पदाधिकारी और वरिष्ठ नेताओं से दावेदारों के नामों को लेकर चर्चा करेंगे। इसके बाद वार्ड वाइज पैनल तैयार करके 27 अगस्त को प्रदेश कांग्रेस कमेटी को पैनल की रिपोर्ट भेजी जाएगी। वहां से निर्णय होने के बाद पार्टी की तरफ से उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की जाएगी। दावेदारों से पूछे जा रहे पार्टी के लिए क्या काम किया सरदारपुर विधानसभा के वार्डों के दावेदारों से विधानसभा पर्यवेक्षक मोहन सिंह ने आज सबसे पहले आवेदन लिए हैं। इसके बाद शाम को जोधपुर शहर विधानसभा पर्यवेक्षक मनोज चौधरी शहर विधानसभा के वार्डों के दावेदारों से बातचीत करेंगे। वहीं बुधवार सुबह सूरसागर विधानसभा के पर्यवेक्षक हरीनारायण चौधरी सूरसागर विधानसभा के विभिन्न वार्डों के दावेदारों से मुलाकात कर आवेदन लेंगे। मोहन सिंह ने बताया कि प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर से 24, 25 और 26 अगस्त को राजस्थान के विभिन्न क्षेत्रों में प्रवास कार्यक्रम तय किया गया है। इसी क्रम में जोधपुर में कांग्रेस कमेटी और जिला कांग्रेस कमेटी के माध्यम से प्राप्त आवेदनों के आधार पर दावेदारों से व्यक्तिगत संवाद किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि टिकट के लिए आवेदन करने वाले प्रत्येक व्यक्ति का फिजिकल वेरिफिकेशन किया जा रहा है। यह देखा जा रहा है कि संबंधित दावेदार ने कांग्रेस पार्टी के लिए पहले क्या काम किया है, पार्टी की विभिन्न समितियों में उसकी भूमिका रही है या नहीं। साथ ही ऐसे लोगों की भी पहचान की जा रही है, जो नए हैं या पहले किसी अन्य दल से जुड़े रहे हैं। जिताऊ और टिकाऊ को मौका देने की कोशिश हटेला ने कहा कि कांग्रेस पार्टी में कार्यकर्ता उसकी रीढ़ की हड्डी हैं। नगर निगम चुनाव कार्यकर्ताओं का चुनाव है और पार्टी का प्रयास है कि कोई भी सक्रिय कार्यकर्ता टिकट की प्रक्रिया में वंचित नहीं रहे। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यकर्ता को मौका मिलना चाहिए, जो “जिताऊ भी हो और टिकाऊ भी।” उन्होंने कहा कि नगर निगम चुनाव में महापौर का पद महत्वपूर्ण है। ऐसे में संभावित प्रत्याशियों की राजनीतिक और सामाजिक पृष्ठभूमि के साथ-साथ उनकी जीत की क्षमता को भी देखा जा रहा है, क्योंकि चुनाव जीतने के बाद कांग्रेस का महापौर बनाना पार्टी का लक्ष्य है। विधानसभा और लोकसभा प्रत्याशियों से भी पैनल पर होगी चर्चा हटेला ने बताया कि दावेदारों से संवाद के साथ जिला कांग्रेस कमेटी, दोनों ब्लॉक कांग्रेस कमेटियों के पदाधिकारियों और स्थानीय नेताओं से भी चर्चा की जाएगी। लोकसभा, विधानसभा प्रत्याशियों और वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं से भी फीडबैक लिया जाएगा। इसके बाद हर वार्ड के लिए तीन-तीन नामों का पैनल तैयार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पूरी रिपोर्ट 27 अगस्त तक प्रदेश कांग्रेस कमेटी को सौंपने का लक्ष्य है। ऑनलाइन और ऑफलाइन आवेदन को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि अभी तक उनके सामने ऐसा कोई मामला नहीं आया है और प्रदेश कांग्रेस कमेटी, जिला कांग्रेस कमेटी तथा ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के माध्यम से आवेदन करने वाले दावेदार ही प्रक्रिया में शामिल हो रहे हैं।