करौली में ‘अजनबियों से सावधान, मना करो, दूर जाओ, बताओ’ अभियान के तहत एक जागरूकता कार्यक्रम हुआ। यह कार्यक्रम महात्मा ज्योतिबा फुले उच्च माध्यमिक स्कूल में आयोजित किया गया। इसमें विद्यार्थियों को बाल सुरक्षा, कानूनी अधिकार और साइबर अपराधों से बचाव के तरीके बताए गए। कार्यक्रम में न्यायाधीश (एससी-एसटी) परवीन बानू ने छात्रों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि बच्चों को किसी भी अनजान व्यक्ति के बहकावे, लालच या दबाव में नहीं आना चाहिए। अगर कोई उन्हें बहकाने या दबाव बनाने की कोशिश करे, तो तुरंत किसी भरोसेमंद परिजन, शिक्षक या जिम्मेदार व्यक्ति को इसकी जानकारी दें। न्यायाधीश बानू ने यह भी कहा कि बच्चों की सुरक्षा में माता-पिता और शिक्षकों की भूमिका बहुत अहम है। किसी भी परेशानी या खतरे की स्थिति में बच्चों को डरकर चुप रहने के बजाय तुरंत मदद लेनी चाहिए। उन्होंने विद्यार्थियों को सोशल मीडिया और इंटरनेट का सावधानी से इस्तेमाल करने की सलाह दी। बानू ने कहा कि अनजान लोगों से ऑनलाइन संपर्क करते समय सतर्क रहें। अगर कोई संदिग्ध लिंक, संदेश या गतिविधि मिले, तो उसे नजरअंदाज करें और अपने परिजनों व शिक्षकों को बताएं। परवीन बानू ने छात्रों से चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 और साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 को याद रखने की अपील की। कार्यक्रम में एएलएडीसीएस (डीएलएसए) रामजीत कुशवाहा ने भी छात्रों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि किसी भी डर या दबाव में अपनी परेशानी नहीं छिपानी चाहिए। समस्या होने पर माता-पिता, शिक्षक या संबंधित हेल्पलाइन से तुरंत सहायता लेनी चाहिए। स्कूल परिवार की ओर से प्रधानाचार्य धर्मसिंह और व्याख्याता सीमा कुमारी ने परवीन बानू का फूलों का गुलदस्ता और शॉल भेंट कर स्वागत किया। इस मौके पर व्याख्याता अमीर खान, जनक सिंह सहित स्कूल का पूरा स्टाफ और सभी विद्यार्थी मौजूद थे।