झालावाड़ में बुधवार को स्पिक मैके के कार्यक्रम के तहत ओडिसी नृत्य की प्रस्तुति दी गई। शहर के राड़ी के बालाजी रोड स्थित मां कल्याणी विद्या मंदिर और एसएआई आश्रम में अंतरराष्ट्रीय नृत्यांगना श्रीराधा पॉल ने विद्यार्थियों को भारतीय शास्त्रीय नृत्य से परिचित कराया। कार्यक्रम का आरंभ गुरु कालीचरण महापात्र द्वारा रचित गणेश वंदना से हुआ। नृत्यांगना ने नृत्य के माध्यम से भगवान गणेश के विभिन्न स्वरूपों को प्रस्तुत किया। कार्यशाला में विद्यार्थियों को पताका, अर्धपताका जैसी हस्त मुद्राओं और अभंग, त्रिभंग, समभंग, चौक जैसी ओडिसी नृत्य की प्रमुख मुद्राओं का अभ्यास कराया गया। इसके बाद बट्टू नृत्य प्रस्तुत किया गया, जिसमें विभिन्न वाद्य यंत्रों को नृत्य के माध्यम से दर्शाया गया। कार्यक्रम का समापन गुरु विचित्रानंद स्वाइन द्वारा कोरियोग्राफ की गई महाकाली स्तुति पर भावपूर्ण अभिनय के साथ हुआ, जिसमें मां काली की वंदना की गई। विद्यार्थियों ने इन प्रस्तुतियों को ध्यान से देखा और नृत्य की बारीकियां समझीं। स्पिक मैके की जिला संयोजक सपना सुरेंद्र जैन ने बताया कि श्रीराधा पॉल ने गुरु विचित्रानंद स्वाइन से ओडिसी नृत्य की शिक्षा ली है। उन्होंने भारत के साथ-साथ यूरोप, इंडोनेशिया, चीन और श्रीलंका में भी अपनी कला का प्रदर्शन किया है। जैन ने यह भी बताया कि स्पिक मैके द्वारा विद्यालयों में ऐसी सांस्कृतिक प्रस्तुतियां निशुल्क आयोजित की जा रही हैं। कार्यक्रम में स्पिक मैके स्वयंसेवक कुलवंत बैरागी ने सहयोग किया। मां कल्याणी विद्या मंदिर में दीपक रावल ने श्रीराधा पॉल का सम्मान किया, जबकि एसएआई आश्रम में प्रतिभा चौहान और ऐश्वर्य ने उन्हें सम्मानित किया।