ग्रामीण महिलाओं एवं स्वयं सहायता समूहों को संगठित करने, आजीविका संवर्धन, वित्तीय समावेशन, सरकारी योजनाओं की पहुंच और महिला सशक्तिकरण को लेकर CLF के माध्यम से लंबे समय से कार्यरत स्टाफ एवं विभिन्न कैडर ने ग्रामीण स्तर पर निरंतर एवं महत्वपूर्ण सेवाएं प्रदान की जा रही हैं। इनके कार्य की प्रकृति, जिम्मेदारियों एवं लंबे अनुभव को देखते हुए इनके हितों की सुरक्षा एवं सेवा व्यवस्था में सुधार किया जाना आवश्यक है। इसे लेकर CLF सखी संगठन के माध्यम से शुक्रवार को जिला कलेक्टर कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया और जिला कलेक्टर को सीएम के नाम ज्ञापन सौंपा गया। CLF की प्रमुख मांगे CLF स्टाफ एवं कैडर की सेवा की निरंतरता लंबे समय से कार्यरत CLF स्टाफ एवं कैडर के अनुभव एवं सेवाकाल को ध्यान में रखते हुए उनकी सेवा में अनावश्यक अस्थिरता समाप्त कर निरंतरता प्रदान की जाए। सम्मानजनक एवं समयबद्ध मानदेय CLF स्टाफ एवं कैडर को उनकी जिम्मेदारियों एवं कार्यभार के अनुरूप सम्मानजनक मानदेय निर्धारित किया जाए और मानदेय का भुगतान प्रत्येक माह निर्धारित समय पर सुनिश्चित किया जाए। मानदेय में समय-समय पर वृद्धि महंगाई एवं बढ़ती जिम्मेदारियों को ध्यान में रखते हुए मानदेय की नियमित समीक्षा कर समय-समय पर वृद्धि की व्यवस्था की जाए। सामाजिक सुरक्षा का लाभ CLF स्टाफ एवं कैडर को दुर्घटना बीमा, जीवन बीमा, चिकित्सा सहायता, पेंशन, सामाजिक सुरक्षा और सरकार ने निर्धारित उपयुक्त सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ा जाए। रिपोर्टिंग व्यवस्था स्पष्ट रूप से निर्धारित की जाए महिला कैडर के लिए विशेष सुरक्षा एवं सुविधाएं महिला कैडर की बड़ी संख्या को देखते हुए मातृत्व अवकाश, आकस्मिक अवकाश और अन्य आवश्यक सुविधाओं का प्रावधान किया जाए। अनुभव एवं वरिष्ठता का संरक्षण CLF में लंबे समय से सेवाएं दे रहे अनुभवी स्टाफ एवं कैडर के अनुभव, कार्यकाल एवं जिम्मेदारियों का विधिवत रिकॉर्ड रखा जाए। भविष्य की नियुक्ति, सेवा व्यवस्था में अनुभव को उचित महत्व दिया जाए। कार्य के अनुरूप पद एवं जिम्मेदारी का निर्धारण CLF स्तर पर कार्यरत विभिन्न कैडर की भूमिका, कार्यक्षेत्र, जिम्मेदारियां एवं रिपोर्टिंग व्यवस्था स्पष्ट रूप से निर्धारित की जाए, ताकि अनावश्यक कार्यभार एवं अस्पष्टता समाप्त हो। क्षमता विकास एवं प्रशिक्षण CLF स्टाफ और कैडर के लिए नियमित प्रशिक्षण, कौशल विकास एवं डिजिटल क्षमता निर्माण कार्यक्रम आयोजित किए जाएं, जिससे वे ग्रामीण आजीविका एवं महिला सशक्तिकरण के कार्य को और प्रभावी ढंग से कर सकें। सेवा सबंधी शिकायतों के समाधान हेतु व्यवस्थाCLF स्टाफ एवं कैडर की सेवा संबंधी समस्याओं एवं शिकायतों के त्वरित समाधान हेतु जिला एवं राज्य स्तर पर पृथक शिकायत निवारण व्यवस्था स्थापित की जाए। कार्य के दौरान सुरक्षा एवं आकस्मिक सहायता मैदानी कार्य के दौरान दुर्घटना और अन्य आकस्मिक परिस्थितियों में CLF स्टाफ एवं कैडर के लिए सहायता एवं बीमा संबंधी स्पष्ट प्रावधान किया जाए। आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं सरकारी योजनाओं में CLF की भूमिका का संस्थागत सुदृढ़ीकरण रा-जीविका एवं CLF के माध्यम से महिला स्वयं सहायता समूहों तक सरकारी योजनाओं की पहुंच को देखते हुए CLF की संस्थागत भूमिका को और मजबूत किया जाए तथा आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएं। CLF कैडर का राज्य स्तरीय डेटाबेस राज्य में कार्यरत CLF स्टाफ एवं कैडर का नाम, पद/कैडर, सेवाकाल, कार्यक्षेत्र एवं प्रशिक्षण आदि का राज्य स्तरीय डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया जाए। भविष्य की सेवा व्यवस्था के लिए स्पष्ट नीति CLF स्टाफ एवं कैडर के लिए दीर्घकालिक एवं स्पष्ट सेवा नीति बनाई जाए, ताकि वर्षों से कार्यरत कर्मियों में सेवा एवं भविष्य को लेकर अनिश्चितता समाप्त हो सके। राज्य स्तर पर CLF प्रतिनिधियों के साथ संवाद CLF स्टाफ एवं कैडर की वास्तविक समस्याओं को समझने के लिए राज्य सरकार, रा-जीविका स्तर पर CLF प्रतिनिधियों के साथ नियमित संवाद एवं परामर्श की व्यवस्था की जाए।