अवैध मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित संपत्ति को फ्रीज होने से बचाने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार करने के मामले में घाटोली पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने करीब 48 लाख रुपए की संपत्ति को कार्रवाई से बचाने के लिए अलग-अलग कृषि उपज मंडियों के नाम से फर्जी फसल बिक्री बिल तैयार कर पेश किए थे। पुलिस ने संबंधित मंडियों से रिकॉर्ड जुटाया तो बिक्री बिल फर्जी पाए गए। इसके बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर लिया। एसपी अमित कुमार ने बताया कि पुलिस की ओर से मादक पदार्थ तस्करों की अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों का रिकॉर्ड खंगालकर उन्हें फ्रीज कराने की कार्रवाई लगातार की जा रही है। इसी क्रम में बंजारी मोहल्ला, घाटोली निवासी हेमंत सिंह उर्फ हेमराज (33) पुत्र प्रभुलाल तंवर के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 68F के तहत कार्रवाई की गई थी। आरोपी ने अपनी संपत्तियों को फ्रीज होने से बचाने के लिए विभिन्न कृषि उपज मंडियों में फसल बेचने के फर्जी कूटरचित बिक्री बिल तैयार कर पेश किए। पुलिस ने संबंधित मंडियों से रिकॉर्ड प्राप्त कर जांच की तो बिक्री बिल फर्जी होना सामने आया। इस संबंध में गोपनीय सूचना भी पुलिस को मिली थी। इसके बाद एसआई सत्यनारायण शर्मा ने आवेदन पेश कर आरोपी के खिलाफ घाटोली थाने में मामला दर्ज कराया। मामले की जांच थाना प्रभारी रामस्वरूप राठौर कर रहे हैं। राजस्थान और मध्यप्रदेश की कृषि मंडियों के फर्जी बिल तैयार किए गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में आरोपी ने पुलिस को बताया कि उसने भवानीमंडी, झालरापाटन, कोटा, रामगंजमंडी, मंदसौर, नीमच और राजगढ़ सहित मध्यप्रदेश की कृषि उपज मंडियों के फर्जी फसल बिक्री दस्तावेज तैयार किए थे। इन दस्तावेजों को आरोपी ने सफेमा कोर्ट एवं एनडीपीएस एक्ट के सक्षम प्राधिकारी एवं प्रशासक, दिल्ली के समक्ष पेश कर संपत्ति को कार्रवाई से बचाने का प्रयास किया गया। दिल्ली कोर्ट से छुड़वा ली थी संपत्ति, पुलिस ने दुबारा अपील की पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार हेमंत सिंह तंवर के खिलाफ पहले भी कई मामले दर्ज रहे हैं। इनमें 2014 में कोटा रेलवे थाना, 2017 में घाटोली और 2024 में कोतवाली बारां में एनडीपीएस एक्ट की धाराओं में प्रकरण दर्ज होना बताया गया है। इसके अलावा 2026 में घाटोली थाने में भी मामला दर्ज है। पुलिस रिकॉर्ड में मारपीट, धमकी, तोड़फोड़ सहित अन्य धाराओं के प्रकरण भी दर्ज हैं। वर्तमान मामले में पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और फर्जी दस्तावेज तैयार करने वाले गिरोह से जुड़े लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है। घाटोली एसएचओ राम स्वरूप राठौर ने बताया कि पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट 68 एफ में नशा तस्कर हेमंत सिंह तंवर की करीब48 लाख रुपए की संपत्ति फ्रीज करवा दी थी, लेकिन आरोपी ने मंडियों के फर्जी बिल पेश कर सफेमा कोर्ट दिल्ली से अपनी संपत्ति एक नंबर में बताकर छुड़वा ली। लेकिन पुलिस को अपनी कार्रवाई पर पुरा भरोसा था, क्योंकि पुलिस को यह भी इनपुट मिल गया था कि आरोपी ने मंडी के फर्जी बिल पेश किए। इस पर पुलिस ने सफेमा कोर्ट दिल्ली में दुबारा अपील कर आरोपी के बिल की जांच की तो वह कूटरचित होना पाया गया, इस पर उसके खिलाफ मामला दर्ज कर उसे गिरफ्तार किया गया।