पितृ पक्ष के तहत सोमवार को आश्विन कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि पर द्वितीया श्राद्ध किया जाएगा। इस अवसर पर श्रद्धालु अपने पितरों का स्मरण कर तर्पण, श्राद्ध और पिंडदान करेंगे। जिन पूर्वजों का निधन कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि को हुआ है, उनके निमित्त श्राद्ध करने की विशेष परंपरा है। ज्योतिषाचार्य पंडित ताराचंद शास्त्री ने बताया कि धार्मिक मान्यता के अनुसार पितृ पक्ष में पूर्वजों के प्रति श्रद्धा व्यक्त करने के लिए तर्पण, पिंडदान, ब्राह्मण भोजन और जरूरतमंदों को दान किया जाता है।