गुरुग्राम (हरियाणा) में लेडी बाइकर को कार से टक्कर मारने के मामले में मंगलवार को दौसा से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी कल्याण बैंसला (32) निवासी पलवल (हरियाणा) भागकर दौसा आ गया था। यहां एक दिन मेहंदीपुर बालाजी में दोस्त लवनीश गुर्जर निवासी पलवल के साथ रुका। गुरुग्राम क्राइम ब्रांच ने पीछा करते हुए आगरा रोड स्थित दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के भांडारेज इंटरचेंज से दोनों को दबोचा है। दौसा सदर थाने में प्राथमिक रिपोर्ट के बाद उन्हें गुरुग्राम ले जाया गया है। इस दौरान आरोपी अपने हाथों से मुंह छुपाता नजर आया। मामले में पुलिस ने हत्या के प्रयास की धारा BNS 109 भी जोड़ी है। सदर थाना SHO युधिष्ठिर ने बताया- मामले में गुरुग्राम के सेक्टर-56 थाने में रिपोर्ट दर्ज हुई थी। हादसे के बाद कल्याण बैंसला को उसका दोस्त निंदर, पलवल (हरियाणा) लेकर आया था। जबकि उसके दोस्त प्रमोद पर उसे गांव टिकरी गुर्जर (पलवल) से भगाने का आरोप है। गुरुग्राम पुलिस ने दोनों दोस्तों को भी पकड़ लिया है। कार की टक्कर से सड़क पर गिरी बाइकर शिवानी चौहान उर्फ सिया निवासी दिल्ली ने फैशन डिजाइनिंग का कोर्स किया है। वह साल 2022 में आम आदमी पार्टी (AAP) के टिकट पर दिल्ली के कालकाजी से नगर निगम का चुनाव भी लड़ चुकी है। शिवानी के पिता रोशन चौहान ने मीडिया को ये बातें बताई हैं। रोशन भी आम आदमी पार्टी से जुड़े हुए हैं। तस्वीरों में देखिए कैसे राइडर को टक्कर मारी… अब पढ़ें… क्या था पूरा मामला नशे में थे युवक, बाइक रोकने का इशारा किया सिया ने बताया- मैं रविवार (13 सितंबर) को अपने बाइकिंग ग्रुप के साथ गोल्फ कोर्स रोड पर स्पोट्र्स बाइक Aprilia RS 457 चला रही थी। राइड शुरू होने के बाद से ही एक कार (मारुति सियाज) में सवार युवक बार-बार मेरी बाइक के पास आने की कोशिश कर रहे थे। वो गलत इशारे करने लगे। उन्हें दूरी बनाए रखने को कहा, लेकिन कार सवारों ने बाइक रोकने का इशारा किया। युवक नशे में लग रहे थे। बाइक को साइड से मारी टक्कर सिया ने कहा- सुबह के समय सड़क पर अनजान युवकों द्वारा मुझे इस तरह रोकने की कोशिश से किसी अनहोनी की आशंका हुई थी। कुछ दूरी तक कार हमारे पीछे चलती रही। कार सवार युवकों ने आगे जाकर ओवरटेक किया और बाइक में साइड से टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही मैं बाइक समेत सड़क पर गिर गई। हादसे में बाइक भी काफी दूर तक घिसटती चली गई। राइडिंग गियर के कारण ज्यादा चोट नहीं लगी। दोस्त ने पीछा किया, ट्रैफिक सिग्नल पर बच निकले सिया ने बताया कि हादसे के तुरंत बाद कार सवार युवक वहां से भाग निकले। मेरे एक साथी ने बाइक से उनका पीछा किया। कुछ दूर तक पीछा करने के बाद ट्रैफिक लाइट के पास कार सवार युवकों ने रास्ता बदलकर पीछा कर रहे राइडर को चकमा दे दिया और फरार हो गए। ये पूरी घटना बाइक में लगे कैमरे में रिकॉर्ड हो गई। जानिए राइडर सिया ने क्या कहा…. कौन किसे पिंच कर रहा था, ये साफ दिख रहा शिवानी चौहान ने सोमवार देर रात इंस्टाग्राम पर वीडियो जारी कर कहा- मेरा रोड एक्सीडेंट वाला वीडियो हर जगह चल रहा है। मुझे टक्कर मारने वाला इंटरव्यू देकर कह रहा है कि हम बार-बार बाइक तेज और स्लो कर रहे थे और उसे पिंच कर रहे थे। यह तो मेरे वीडियो में साफ दिख रहा है कि कौन किसे पिंच कर रहा है। अगर हम ऐसा कर भी रहे थे तो आपका हमारा पीछा करने का क्या मतलब है? वह कह रहा है कि उसे पता नहीं था कि बाइक लड़की चला रही है। ऐसा बिल्कुल नहीं हो सकता। मेरे बहुत लंबे बाल हैं और चोटी बनी हुई थी। उसने यह देखा, फिर एक्शन किया और बाइक रोकने के लिए कहा। अब यह भी कहा जा रहा है कि हम 22-23 लोग थे। हिट एंड रन केस में दो वीडियो काफी नहीं? सिया ने आगे कहा- मुझे समझ नहीं आता कि हिट एंड रन के इस केस में दो वीडियो काफी नहीं हैं? एक वीडियो में साफ दिख रहा है कि वह पहली लेन से सीधे तीसरी लेन में आकर मुझे टक्कर मारता है और भाग जाता है। इसके बाद मैं सड़क पर घिसटती हुई जाती हूं। क्या ये वीडियो काफी नहीं हैं? अगर उसे मेरे लिए इतनी ही चिंता थी तो वह रुका क्यों नहीं? उसकी जिम्मेदारी थी कि टक्कर मारने के बाद रुकता। हड्डियां टूट सकती थीं, मौके पर जान भी जा सकती थी उन्होंने कहा- मेरी हड्डियां टूट सकती थीं। मौके पर मेरी जान भी जा सकती थी। टक्कर मारने के बाद अब वह सहानुभूति दिखाने की कोशिश कर रहा है, लेकिन यह उस पर बिल्कुल सूट नहीं करता। वह एक सेकेंड के लिए भी यह जानने के लिए नहीं रुका कि जिसे उसने टक्कर मारी है, वह जिंदा है या नहीं। महिलाएं गुरुग्राम-दिल्ली की सड़क पर सुरक्षित नहीं सिया ने कहा कि मुझे शर्म आती है ऐसे लोगों पर, जो कह रहे हैं कि बात उनकी फैमिली तक पहुंच रही है। मुझे नहीं लगता कि ऐसे लोग यह सोचते हैं कि उनके घर में भी महिलाएं हैं। ऐसी घटनाओं की वजह से महिलाओं को गुरुग्राम-दिल्ली की सड़कों पर असुरक्षित महसूस होता है। हमें ऐसे लोगों को सिखाना होगा कि सड़क पर गाड़ी कैसे चलानी चाहिए। कबड्डी खेल चुका, किसान परिवार से ताल्लुक पलवल के टिकरी गुर्जर गांव का रहने वाला कल्याण बैंसला किसान परिवार से ताल्लुक रखता है। उसके पिता धीरज बैंसला किसान हैं और पहले नंबरदार भी रह चुके हैं। कल्याण शादीशुदा है और उसके दो बच्चे हैं। परिवार में उसका एक बड़ा भाई मंजीत है, जो पलवल में सप्लीमेंट की दुकान चलाता है। परिवार के मुताबिक, कल्याण को बचपन से कबड्डी खेलने का शौक था। वह 12वीं कक्षा से कबड्डी खेल रहा है और स्टेट व नेशनल लेवल पर भी खेल चुका है। उसने ग्रेजुएशन तक पढ़ाई की है। वह इंटरनेशनल कबड्डी प्लेयर होने का भी दावा करता है। हालांकि, इसकी पुष्टि नहीं हुई है। 2020 में जिम शुरू किया, किराया विवाद में बंद हुआ कल्याण ने 2020 में पलवल शहर में KBT जिम शुरू किया था और 65 हजार रुपए महीने के किराए पर फ्लोर लिया था। हालांकि, पिछले करीब दो महीने से जिम बंद है। किराया बकाया होने पर बिल्डिंग मालिक ने जिम पर ताला लगा दिया था। बिल्डिंग मालिक सुनील डागर के मुताबिक, कल्याण के भाई मंजीत ने किराए की कुछ रकम चुका दी है। फिलहाल 2 लाख रुपए बकाया हैं। जिम को 17 सितंबर से दोबारा शुरू करने की तैयारी थी और इसके लिए अंदर रेनोवेशन का काम भी चल रहा था।