श्रीगंगानगर शहर के प्रमुख गुरुद्वारों के प्रधानों और कमेटी सदस्यों ने धन-धन बाबा दीप सिंह जी शहीद गुरुद्वारा परिसर का निरीक्षण किया। इसके बाद पुलिस पर लगे गुरुद्वारा साहिब में बेअदबी करने के आरोपों से इनकार कर दिया। धन-धन बाबा दीप सिंह जी शहीद गुरुद्वारा के सचिव और सिख धर्म प्रचार कमेटी के चेयरमैन तेजिंदर पाल सिंह टिम्मा की गिरफ्तारी के मामले में बुधवार को प्रधान व कमेटी मेंबरों ने कहा कि टिम्मा की गिरफ्तारी गुरुद्वारा साहिब के दरबार में नहीं, बल्कि परिसर में बने गेस्ट रूम से हुई थी। मीटिंग कर मौके पर जाने का फैसला किया रेलवे स्टेशन स्थित गुरुद्वारा सिंह सभा के प्रधान पाली कोचर ने कहा- टिम्मा और कोतवाली पुलिस के बीच हुए विवाद के बाद बुधवार दोपहर शहर के सभी प्रमुख गुरुद्वारों के प्रधानों की बैठक हुई। बैठक में यह तय किया गया कि मौके पर जाकर वास्तविक स्थिति देखी जाए कि पुलिस कार्रवाई के दौरान गुरुद्वारा साहिब में बेअदबी हुई या नहीं। इसके बाद गुरुद्वारों के प्रधान और कमेटी सदस्य धन-धन बाबा दीप सिंह जी शहीद गुरुद्वारा पहुंचे। जहां उस स्थान का निरीक्षण किया, जहां से पुलिस ने टिम्मा को गिरफ्तार किया था। जिस कमरे से टिम्मा की गिरफ्तारी हुई, वह गुरुद्वारा परिसर में जरूर है, लेकिन दरबार साहिब नहीं है। यह कमरा गेस्ट रूम है और यहां गुरुद्वारा प्रधान का कार्यालय भी है। जबकि दरबार साहिब अलग स्थान पर है, जहां गुरु ग्रंथ साहिबजी विराजमान हैं। दरबार साहिब में नहीं गई पुलिस पाली कोचर ने कहा- मौके का निरीक्षण करने के बाद यह साफ हुआ कि पुलिस दरबार साहिब में नहीं गई थी। इसलिए पुलिस द्वारा दरबार साहिब की बेअदबी किए जाने का सवाल नहीं उठता। टिम्मा और पुलिस के बीच हुआ घटनाक्रम व्यक्तिगत विवाद से जुड़ा मामला है, इसे गुरुद्वारा साहिब की बेअदबी से जोड़ना उचित नहीं है। पुलिस कार्रवाई के दौरान गुरुद्वारा परिसर में तोड़फोड़ करने और तस्वीरें फाड़ने के आरोप भी लगाए गए थे। हमने प्रधानों और कमेटी सदस्यों ने मौके पर मौजूद लोगों से इस संबंध में जानकारी ली। किसी भी व्यक्ति ने यह नहीं कहा कि उसने पुलिसकर्मियों को तोड़फोड़ करते हुए देखा है। इसी तरह किसी ने पुलिस द्वारा तस्वीरें फाड़े जाने की बात भी प्रत्यक्ष रूप से नहीं बताई। घटना के समय गुरुद्वारा कमेटी के सदस्य भी मौके पर मौजूद नहीं थे। मौके की स्थिति देखने और लोगों से बातचीत करने के बाद हमें लगता है कि पुलिस पर लगाए गए बेअदबी के आरोप निराधार हैं। इन गुरुद्वारों के प्रतिनिधि रहे मौजूद निरीक्षण के दौरान बुड्ढा जोहड़ गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के सदस्य गुरविंदर सिंह, गुरुद्वारा कलगीधर साहिब विनोबा बस्ती के प्रधान गुरबचन सिंह कोचर, गुरुद्वारा साहिब नामदेव डी-ब्लॉक के प्रधान हरदर्शन सिंह, गुरुद्वारा मक्खन शाह लबाणा, खालसा नगर के प्रधान हरगुन सिंह, गुरुद्वारा अर्जुन दरबार, पुरानी आबादी के सदस्य सतनाम सिंह सहित कई गुरुद्वारा कमेटियों के सदस्य मौजूद रहे। गौरतलब है कि तेजिंदर पाल सिंह टिम्मा की गिरफ्तारी के बाद पुलिस कार्रवाई को लेकर बेअदबी और गुरुद्वारा परिसर में तोड़फोड़ के आरोप लगाए गए थे। अब शहर के प्रमुख गुरुद्वारों के प्रधानों के मौके के निरीक्षण और बयान के बाद इन आरोपों पर पूरी तरह से विराम लग गया है। ये खबरें भी पढ़ें श्रीगंगानगर में गुरुद्वारा के सचिव गिरफ्तार:गेस्ट हाउस में बेड के नीचे छिपे थे; महिलाओं ने पुलिस पर हमला किया, समर्थकों ने किया प्रदर्शन गुरुद्वारा सचिव टिम्मा को 1 दिन की JC पर भेजा:पुलिस अधिकारियों के साथ में हंसते नजर आए, मारपीट मामले में गिरफ्तारी हुई थी