भाद्रपद अमावस्या पर शुक्रवार को सती मंदिरों में वार्षिक पूजा होगी। शहर में कई स्थानों पर दर्शनार्थियों के लिए सेवा शिविर लगाए जाएंगे। खेमी शक्ति मंदिर की वार्षिक पूजा के तीसरे दिन चरण पादुकाा व भगवती प्रतिमा की पूजा व अभिषेक किया गया। पंडित रोहित पुजारी के आचार्यत्व में मुख्य यजमान रमाकांत टीबड़ेवाल सहित 81 जोड़ों ने तीन घंटे तक मां भगवती की चरण पादुकाा व भगवती प्रतिमा की विधि-विधान से पूजा व अभिषेक किया। इस दौरान पंडित रामस्वरूप बियाला, कृष्ण कुमार शर्मा, सुशील शर्मा, विशाल हरितका सहित मंदिर परिसर में संचालित गुरुकुल के बटुकों ने मंत्रोच्चार किया। खेमी शक्ति मंदिर ट्रस्ट के सचिव श्याम सुंदर टीबड़ेवाल ने बताया कि अभिषेक के बाद प्रसाद का वितरण किया गया। रात को भजन संध्या हुई। बरसाने की मनीषा ठाकुर, कोलकाता के यश टीबड़ा, साध्वी रीना दीदी, विजय मालपणी, राकेश बावलिया व स्वाति केडिया ने प्रस्तुतियां दीं। मंदिर ट्रस्ट के प्रबंधक लक्ष्मीकांत शर्मा ने बताया कि शुक्रवार को तड़के तीन बजे पट खुलेंगे। मंगला आरती के साथ वार्षिक पूजा का दौर शुरू होगा। रात को शयन आरती के बाद गर्भगृह के पट बंद हो जाएंगे। सुबह चार बजे से तीसरे चौक स्थित आनंद द्वार से प्रवेश देकर दर्शनार्थियों के लिए बैठी पूजा, खड़ी पूजा व दर्शन पूजा की व्यवस्था की जाएगी। शहर में तीन जगह लगेंगे सेवा शिविर : शहर में तीन जगह सेवा शिविर लगाए जाएंगे। राणी सती मंदिर समिति की ओर से मुख्य द्वार के पास भंडारा शिविर शुरू हो गया है। चूणा चौक स्थित रामलीला पार्क में श्याम टेक्सटाइल के सहयोग से भंडारा लगाया जाएगा। लावरेश्वर महादेव मंदिर ट्रस्ट की ओर से राणी सती रोड स्थित एक नोहरे में भंडारा लगाया जाएगा। छप्पन भोग की झांकी सजाई, दादी के दरबार का फूलों से शृंगार किया: शुक्रवार को तड़के 4:15 बजे मंगला आरती के बाद भाद्रपद अमावस्या पर दादी की पूजा की जाएगी। इस दौरान भामाशाह विश्वनाथ टीबड़ेवाल, दुर्गाप्रसाद अग्रवाल, हेमंत टीबड़ेवाल, अनिल टीबड़ेवाल, ललित, योगेंद्र, वीरेंद्र, संजय सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद थे। अमावस्या पर होने वाली वार्षिक पूजा के लिए रंग-बिरंगी रोशनी से नहाया राणी सती मंदिर।