जिला परिषद सदस्य के चुनाव में कांग्रेस से टिकट चाहने वाले कार्यकर्ता और दावेदार अलवर ग्रामीण से विधायक और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली के पास पहुंच रहे हैं। अलवर में जूली के मोती डूंगरी स्थित कार्यालय पर शुक्रवार सुबह दावेदार गाजे-बाजे के साथ नारे लगाते हुए पहुंचे। इस दौरान जूली ने मीडिया से बातचीत करते हुए कहा कि वे पार्षदों के लिए टिकटों की लिस्ट जारी नहीं करेंगे, बल्कि सीधे चुनाव चिह्न जमा करवाएंगे। जूली ने कहा कि जिले की हर पंचायत समिति और हर जिला परिषद वार्ड में जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से भी ऑब्जर्वर नियुक्त किए गए हैं, जो कार्यकर्ताओं के बीच जाकर उनके आवेदन ले रहे हैं और सर्वे कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पंचायतीराज चुनाव में पुलिस ने इस बार कुछ भी किया या उनके कैंप में घुसी तो पुलिसकर्मियों को सीधे पेड़ से बांधेंगे। बेईमानी करने वालों का करेंगे इलाज जूली ने कहा कि पहली और आखिरी लिस्ट जैसी कोई बात नहीं रहेगी। दोनों पार्टियां सीधे ही चुनाव चिह्न जमा करवाएंगी। कार्यकर्ताओं की काफी ज्यादा मांग रहती है। ऐसा कोई क्षेत्र नहीं है, जहां पहले या बाद में लिस्ट जारी करने की बात हो। चुनाव लड़ने वाले पहले से ही अपने वार्ड में सक्रिय हैं। पार्षद चुनाव में कांग्रेस ने पुलिस पर कई आरोप लगाए थे। इस पर जूली ने कहा कि पंचायत चुनाव में जो बेईमानी करेगा, वो पिटेगा। उसको पेड़ों से बांधेंगे, लाठियां चलेंगी। ईमानदारी से करोगे तो हम सहयोग करेंगे, बेईमानी से करोगे तो इलाज करेंगे।” जूली बोले- वोट चोरी बड़ा मुद्दा जूली ने कहा कि यह कैसा वन स्टेट, वन इलेक्शन है। 8 अक्टूबर से नामांकन शुरू हो गए हैं। जिला परिषद सदस्य के लिए 13 अक्टूबर तक नामांकन भरे जा सकेंगे। इसके बाद चुनाव होंगे और नवंबर में परिणाम आएंगे। उप जिला प्रमुख का चुनाव होने तक पार्षद करीब 26 नवंबर को फ्री होंगे। इस पूरी प्रक्रिया में करीब दो महीने लगेंगे। सीएम भजनलाल शर्मा पर तंज कसते हुए जूली ने कहा कि आप कह रहे थे कि वन स्टेट, वन इलेक्शन करवाएंगे। फिर बीच में इतना समय क्यों दिया? आप तो कह रहे थे कि काका जी करवा रहे हैं। अब काका जी कहां गए? जूली ने कहा कि वोट चोरी बहुत बड़ा मुद्दा है। एसआईआर के तहत भी ये लोग चुनाव नहीं करवा रहे हैं, क्योंकि इन्हें पता है कि एसआईआर में इन्होंने क्या किया है। उन्होंने कहा कि फॉर्म नंबर 6 में बदलाव नहीं कर सकते हैं तो बदलाव क्यों किया? यह वोट चोरी ही है। उन्होंने आरोप लगाया कि बंगाल और बिहार में वोट काट दिए गए और अब लोगों से वोट जुड़वाने के लिए कहा जा रहा है। जब वोट डालने थे, तब वोट काट दिए गए।