यूरिया खाद की आड़ में 23 क्विंटल से अधिक अवैध अफीम डोडा चूरा की तस्करी करने वाली गैंग से जुड़े आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। पुलिस ने एक साल से फरार 10 हजार रुपए के इनामी तस्कर को मध्य प्रदेश के मंदसौर से पकड़ा। तस्करी नेटवर्क में पुलिस अब तक 5 तस्करों को गिरफ्तार कर चुकी है। नाकाबंदी में खुला था 23 क्विंटल डोडा चूरा का खेल घटना 25 नवंबर 2025 की है, जब मोनाडुंगरा चेक पोस्ट पर नाकाबंदी के दौरान पुलिस ने यूरिया खाद से भरे एक संदिग्ध ट्रक को रोका था। तलाशी लेने पर यूरिया के कट्टों के नीचे छिपाकर ले जाया जा रहा 23 क्विंटल 59 किलोग्राम 750 ग्राम अवैध अफीम डोडा चूरा बरामद हुआ था। पुलिस ने मौके से चालक नरेश नैन को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था। तकनीकी निगरानी से पकड़ा इनामी तस्कर जांच में सामने आया कि तस्करी में प्रयुक्त ट्रक मुकेश (42) पुत्र प्रताप केवट (निवासी ढाणी खेड़िया, चेचट, कोटा ग्रामीण) के नाम दर्ज था। वारदात के बाद से ही आरोपी फोन बंद कर फरार चल रहा था। एसपी ऑफिस से आरोपी पर 10 हजार रुपए का इनाम घोषित था। 8 अक्टूबर को सूचना के आधार पर पुलिस ने मंदसौर (मध्य प्रदेश) में घेराबंदी कर आरोपी मुकेश को गिरफ्तार कर लिया। फाइनेंस के कर्ज ने बनाया तस्कर पुलिस पूछताछ में आरोपी मुकेश ने बताया कि पूर्व में फाइनेंस पर लिया ट्रक किश्तें न चुका पाने के कारण जब्त हो गया था, जिससे वह भारी कर्ज में डूब गया था। इसी दौरान सह-आरोपी सोमराज विश्नोई ने उसे लालच दिया कि वह नया ट्रक अपने नाम ले, जिसे डोडा चूरा के परिवहन में लगाया जाएगा। सोमराज ने उसे हर चक्कर के 50 हजार रुपए देने का वादा किया था, जिसके झांसे में आकर उसने अपना ट्रक तस्करों को सौंप दिया। अब तक 5 आरोपी पकड़े पुलिस जांच के अनुसार, यह खेप प्रतापगढ़ से सोमराज विश्नोई के जरिए भरवाई गई थी, जिसे गुजरात के रास्ते मारवाड़ पहुंचाया जाना था। मामले में पुलिस पूर्व में ड्राइवर नरेश नैन, मोहम्मद घाटी, गोस मोहम्मद और मुख्य सप्लायर सोमराज विश्नोई को गिरफ्तार कर चुकी है। गिरफ्तार मुकेश से अब नेटवर्क से जुड़े अन्य तस्करों के बारे में गहन पूछताछ की जा रही है। कार्रवाई करने वाली टीम में मोटागांव थानाधिकारी देवीलाल मीणा, एएसआई महिपाल सिंह, करण सिंह, कॉन्स्टेबल दीपक कुमार, सुरेंद्र सिंह, ड्राइवर तेजपाल सिंह और डीएसटी प्रभारी एसआई राम सिंह गुर्जर, हेड कॉन्स्टेबल पृथ्वीपाल सिंह और कॉन्स्टेबल जगपाल सिंह शामिल रहे।