बारां में हाड़ौती अंचल के प्रसिद्ध डोल मेले और जलझूलनी एकादशी की तैयारियां तेज हो गई हैं। जिला प्रशासन और पुलिस ने त्योहार को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराने के लिए कमर कस ली है। अधिकारियों ने संयुक्त रूप से तैयारियों का जायजा लिया। एएसपी सौरभ तिवारी की देखरेख में पुलिस, नगर परिषद, पीडब्ल्यूडी, यातायात पुलिस और बिजली विभाग के अधिकारियों की एक टीम ने निरीक्षण किया। टीम ने डोल मेला स्थल, शोभायात्रा के प्रस्तावित मार्ग, मुख्य सड़कों, गलियों और प्रमुख चौराहों का जायजा लिया। सदियों पुरानी परंपरा और आस्था है प्रतीक बारां में जलझूलनी एकादशी और डोल मेला सिर्फ एक धार्मिक आयोजन नहीं है। यह शहर की सदियों पुरानी परंपरा और आस्था का प्रतीक भी है। इस दौरान निकलने वाली भव्य शोभायात्रा और सजीव धार्मिक झांकियां लोगों के लिए खास आकर्षण होती हैं। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने कई मुद्दों पर संबंधित विभागों को जरूरी निर्देश दिए। इनमें शोभायात्रा मार्ग पर अतिक्रमण हटाना, आवारा पशुओं की समस्या दूर करना, लटकते बिजली के तारों को ठीक करना, यातायात व्यवस्था संभालना और सुरक्षा के लिए बैरिकेडिंग लगाना शामिल है। इसके साथ ही, शोभायात्रा के दौरान शहर में यातायात को सही रखने के लिए वैकल्पिक रूट और डायवर्जन प्लान पर भी चर्चा की गई।