प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में फर्जीवाड़ा कर क्लेम राशि हड़पने के आरोप में गिरफ्तार बसंती जिला परिषद का चुनाव लड़ेगी। पुलिस ने 13 अक्टूबर बसंती और उसके पति बीरबलराम कमेडिया को भी गिरफ्तार किया गया। दोनों को 14 अक्टूबर को न्यायालय में पेश किया गया, जहां बसंती को 16 अक्टूबर तक और बीरबलराम को 19 अक्टूबर तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। मामला सामने आने के बाद भाजपा ने बसंती का टिकट रद्द कर दिया, लेकिन निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में दाखिल उसका नामांकन बरकरार है। ऐसे में जिला परिषद के वार्ड संख्या 32 से उसके निर्दलीय चुनाव लड़ने की संभावना बनी हुई है। दरसअल, साल 2021 में खरीफ फसल के दौरान फर्जी दस्तावेज तैयार कर बीमा क्लेम उठाया था। इस मामले में बसंती पर 2 लाख 28 हजार 87 रुपए की क्लेम राशि हड़पने का आरोप है। पहले भाजपा, फिर निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में भरा नामांकन बसंती ने जिला परिषद के वार्ड संख्या 32 से चुनाव लड़ने के लिए मंगलवार को 2 नामांकन दाखिल किए थे। इनमें एक भाजपा प्रत्याशी के रूप में और दूसरा निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर था। फर्जी फसल बीमा क्लेम मामले में गिरफ्तारी के बाद भाजपा ने उसका टिकट रद्द कर दिया। ऐसे में उसकी चुनावी दावेदारी निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में बनी हुई है। 2.28 लाख रुपए का फर्जी क्लेम लेने का आरोप मामला प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में कथित फर्जीवाड़े से जुड़ा है। आरोप है कि वर्ष 2021 में खरीफ फसल के दौरान फर्जी दस्तावेज तैयार कर बीमा क्लेम उठाया गया। इस मामले में बसंती पर 2 लाख 28 हजार 87 रुपए की क्लेम राशि हड़पने का आरोप है। एसआईटी प्रभारी सुरेश कुमार कस्वा के अनुसार, मामले में सदर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस ने जांच के बाद 13 अक्टूबर की शाम बसंती और उसके पति बीरबलराम कमेडिया को गिरफ्तार किया। दोनों के खिलाफ धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेजों से जुड़े आरोपों की जांच की जा रही है। शपथ-पत्र में दर्ज मुकदमे का भी उल्लेख बसंती की ओर से नामांकन के साथ दाखिल शपथ-पत्र में सदर थाने में दर्ज मुकदमे का उल्लेख है। इसमें भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 406 और 120बी सहित अन्य धाराओं के तहत दर्ज मामले का जिक्र किया गया है। हालांकि, किसी मामले में आरोपी होना या मुकदमा दर्ज होना दोष सिद्ध होने के बराबर नहीं है। गिरफ्तारी से खत्म नहीं होती उम्मीदवारी किसी प्रत्याशी की गिरफ्तारी या न्यायिक हिरासत में होने मात्र से उसकी चुनाव लड़ने की पात्रता अपने आप समाप्त नहीं होती। यह संबंधित कानून, अयोग्यता के प्रावधानों और मामले की परिस्थितियों पर निर्भर करता है। ऐसे में बसंती की उम्मीदवारी की अंतिम स्थिति निर्वाचन प्रक्रिया और लागू कानूनी प्रावधानों के अनुसार तय होगी। फिलहाल वार्ड संख्या 32 का चुनाव चर्चा में है। भाजपा का टिकट रद्द होने के बावजूद बसंती का निर्दलीय नामांकन बरकरार है। अब आगे की निर्वाचन प्रक्रिया में उसकी उम्मीदवारी को लेकर स्थिति स्पष्ट होगी। ये खबर भी पढ़ें… जिला परिषद महिला प्रत्याशी नामांकन भरने के बाद गिरफ्तार:फर्जी बीमा क्लेम मामले में वकील पति डिटेन, भाजपा ने पार्टी से निकाला फर्जी फसल बीमा क्लेम मामले में आरोपी बीरबल राम कमेडिया को पुलिस ने डिटेन किया है, जबकि उसकी पत्नी बसंती को गिरफ्तार कर लिया गया है। मंगलवार को बीरबल अपनी पत्नी का नामांकन भरवाने नागौर जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचा था। पूरी खबर पढ़ें…