धौलपुर-करौली टाइगर रिजर्व (DKTR) के जंगलों में बारिश रुकने के बाद बाघ-बाघिनों का मूवमेंट फिर से बढ़ गया है। लंबे समय बाद रिझोनी जंगल में युवा टाइग्रेस टी-117 दिन के उजाले में ट्रैप कैमरे में दिखी है। हरियाली से भरे जंगल में टाइग्रेस को आराम से घूमते हुए देखा गया। इसके साथ ही युवा बाघ टी-116 भी नजर आया है। वन विभाग ने बताया कि बारिश के दौरान जंगल के निचले इलाकों में कीचड़ और पानी भरने के कारण बाघ-बाघिन अक्सर पहाड़ी और ऊंचे सुरक्षित जगहों पर चले जाते हैं। इस समय खुले जंगल में उनका मूवमेंट कम दिखता है। बाघ-बाघिनों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए रिजर्व क्षेत्र में ट्रैप कैमरों की संख्या भी बढ़ाई गई थी। अब बारिश का दौर थमने और जंगल के रास्ते खुलने के बाद बाघ-बाघिन वापस खुले इलाकों में घूमने लगे हैं। इसी दौरान टी-117 की लंबे समय बाद दिन के समय कैमरे में तस्वीर सामने आई है। वन्यजीव प्रेमियों के लिए यह नजारा खास बन गया है। जानकारी के अनुसार, टी-117 पिछले कुछ समय से अपने शावक के साथ घूम रही थी। उसने शावक को जंगल में शिकार करना, खतरा पहचानना और प्राकृतिक माहौल में सुरक्षित रहकर जीने जैसे जरूरी तरीके सिखाए। अब शावक को अलग रहने के लिए छोड़ दिया गया है। वाइल्ड लाइफ रेंजर देवेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि बारिश के दिनों में बाघ-बाघिन निचले इलाकों की बजाय पहाड़ी और ऊंचे सुरक्षित स्थानों पर चले जाते हैं। बारिश रुकने के बाद रिझोनी जंगल में फिर से बाघ-बाघिनों का मूवमेंट दिखने लगा है। वन विभाग ट्रैप कैमरों और निगरानी से इनके मूवमेंट पर नजर रख रहा है।