जयपुर में प्रेग्नेंट महिला की हत्या कर शव को मकान के लॉन में गाड़ने वाले आरोपी को पुलिस ने मंगलवार को पकड़ लिया। आरोपी रिश्ते में लगने वाली चाची को यूपी से भगाकर लाया था। अफेयर के शक में उसने गला दबाकर हत्या कर दी और शव को जमीन में गाड़ दिया। मर्डर के बाद आरोपी सामोद हनुमान मंदिर दर्शन करने चला गया। पूछताछ में खुद को बचाने के लिए आरोपी ने कहा कि महिला ने सुसाइड किया था। मैं डर गया, इसलिए शव दफना दिया। बिंदायका थाना क्षेत्र की प्रेस्टीज कॉलोनी के एक मकान में 27 सितंबर को किरण (32) का शव गड़ा हुआ मिला था। मोबाइल बंद कर जयपुर से भागा डीसीपी (वेस्ट) प्रशांत किरण ने बताया- आरोपी प्रवेश रावत (22) पुत्र रामू निवासी बाराबंकी (उत्तर प्रदेश) को अरेस्ट किया है। लाश मिलने के बाद पुलिस ने प्रवेश की तलाश में दबिश देना शुरू किया था। पुलिस से बचने के लिए आरोपी प्रवेश मोबाइल स्विच-ऑफ कर जयपुर से बाहर भाग गया। जांच के दौरान पता चला कि हत्या के बाद भागते समय 27 सितंबर की सुबह ही प्रवेश ने फैक्ट्री में जाकर ठेकेदार से 500 रुपए उधार लिए थे। सीसीटीवी फुटेजों के आधार पर पुलिस टीमें उसका पीछा करने लगी। मोबाइल ऑन करते ही लोकेशन यूपी बॉर्डर के पास की आने पर पुलिस टीम ने पकड़ लिया। महिला पर शक था पूछताछ में सामने आया है कि किरण (मृतका) रिश्ते में प्रवेश की चाची थी। वह जनवरी में किरण को उसके घर से भगाकर लाया था। प्रवेश और किरण (मृतका) दो महीने पहले ही गांव से आए थे। किरण के प्रेंग्नेंट होने के चलते लिव-इन में रहकर देखरेख करता था। प्रवेश और किरण एक ही मोबाइल इस्तेमाल करते थे। प्रवेश काम पर जाते वक्त मोबाइल घर पर छोड़कर जाता था। उसे शक था कि किरण फोन पर किसी और से बात करती है। इसी से परेशान होकर 23 सितंबर को अलसुबह प्रवेश ने गला दबाकर किरण की हत्या कर दी। लॉन में गड्‌ढा खोदा, नमक डालकर दफनाई लाश हत्या के बाद प्रवेश कमरे में लाश के पास काफी देर बैठा रहा। पुलिस से बचने के लिए शव ठिकाने लगाने की जगह के बारे में सोचता रहा। फिल्मों में देखे क्राइम सीन के आधार पर उसने घर के अंदर आगे लॉन में गड्ढा खोदकर शव दफनाने का प्लान बनाया। लाश को कमरे में लॉक कर नमक खरीदकर लाया। रात में लॉन में गड्ढा खोदा। गड्ढे में शव को डालने के बाद ऊपर से नमक छिड़ककर मिट्टी डाल दी। भ्रूण बाहर निकल आया था प्रशांत किरण ने बताया- 23 तारीख की रात को हत्यारे ने गड्ढा खोदकर बॉडी को दबा दिया था l तीन-चार दिन में मृतका के शरीर से भ्रूण बाहर निकल आया था l महिला किरण करीब 6 महीने की प्रेग्नेंट थी l मंदिर दर्शन के बाद किया काम हत्या करने के बाद आरोपी अपने पाप धोने के लिए अगले दिन मकान लॉक कर निकल गया। सामोद हनुमान मंदिर में दर्शन कर शाम को घर लौट आया। 25-26 सितंबर को दो दिन फैक्ट्री में जाकर आराम से काम करता रहा। किसी को भी अपने ऊपर शक नहीं होने दिया। 26 सितंबर की रात अपने परिजनों को कॉल कर किरण के मरने की बात बताई। राजस्थान से बाहर भागने का था प्लान शव करीब 4 दिन पुराना होने के कारण सड़ने लगा। लॉन से बदबू उठने लगी। प्रवेश के पास रुपए भी नहीं बचे। फिर पुलिस से बचने के लिए राज्य से बाहर भागने का प्लान बनाया। 27 सितंबर की सुबह ही मकान को लॉक कर मोबाइल स्विच ऑफ कर जयपुर से बाहर निकल गया। किराए पर लिया था मकान मामले में झोटवाड़ा के बृजमण्डल कॉलोनी निवासी कृष्ण कुमार मीणा (52) की ओर से हत्या की रिपोर्ट दर्ज करवाई गई थी। रिपोर्ट में बताया था कि बिंदायका की प्रेस्टीज कॉलोनी में मेरा मकान है। 200 वर्गगज के प्लॉट के 100 वर्गगज में मकान बना है। बाकी 100 वर्गगज आगे खाली पड़ा है। दो महीने पहले बाराबंकी (यूपी) के रहने वाले मंगल कुमार के कहने पर उसके साले प्रवेश रावत को किराए पर दिया था। उसने बताया था कि किरण पत्नी है। लॉन में खुदाई की हुई थी, बदबू भी आ रही थी रिपोर्ट में बताया- 27 सितंबर को सुबह करीब 10:30 बजे मकान की देखरेख के लिए आया था। किराएदार प्रवेश से कॉन्टैक्ट करने की कोशिश, लेकिन उसका मोबाइल नंबर स्विच ऑफ मिला। मकान के अंदर लॉन में जाने पर मिट्टी की खुदाई की हुई दिखाई दी। बदबू भी उठ रही थी। तुरंत प्रवेश के जीजा को बुलाकर पूछताछ की। मिट्टी हटाकर देखने पर महिला का हाथ दबा दिखाई दिया। पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना देने पर बिंदायका थाना पुलिस मौके पर पहुंची। मिट्टी खोदकर दफनाई लाश को बाहर निकाला गया। शव को बाहर निकालने पर उसकी पहचान किरण के रूप में हुई, जो करीब 6 महीने की प्रेग्नेंट भी थी। पुलिस ने करीब 4 घंटे की मशक्कत के बाद FSL टीम की मदद से सबूत जुटाकर शव को कांवटिया हॉस्पिटल भिजवाया। पकड़ने पर सुनाई कहानी पुलिस के गिरफ्तार कर पूछताछ करने के दौरान आरोपी ने खुद को बचाने का प्रयास किया। बताया कि किरण ने फंदा लगाकर सुसाइड कर लिया था। मेरे घर पहुंचने पर किरण फंदे से लटकी मिली थी। मैंने फंदे से शव को नीचे उतार लिया। डर लगा कि पुलिस पकड़ लेगी। किरण के सुसाइड के बाद उसकी लाश को ठिकाने लगाने के लिए दफना दिया। पुलिस को गुमराह करने के लिए बार-बार ये ही कहता रहा कि मेरे से यही गलती हो गई कि मैंने लाश को दफना दिया। … ये भी पढ़ें… जयपुर- प्रेग्नेंट महिला की हत्या, मकान के अंदर गाड़ा शव:घर के अंदर से बदबू आ रही थी, मिट्‌टी के बाहर निकला था हाथ