‘भास्कर समाधान’ आमजन की जिंदगी से जुड़ी छोटी–छोटी समस्याओं के समाधान करवा शहर में बड़ा बदलाव लाने का काम कर रहा है। कोटा में शहर ही नहीं गांव–ढाणियां भी इस मंच के माध्यम से अपनी परेशानी प्रशासन तक सीधे पहुंचा रहे हैं। प्रशासन में बैठे जिम्मेदार भी पोस्ट से मिल रहे रियल टाइम फीडबैक पर तुरंत समाधान करवा रहे हैं। पहले उन समस्याओं पर एक नजर जिनके समाधान अभी विभागीय प्रक्रिया में हैं… पानी बहे तो बहे, जलदाय विभाग बना बेपरवाह कोटा के मुक्तिधाम रोड, आरके पुरम से प्रवीण गौतम ने पानी की लीकेज की समस्या से अवगत कराया है। उन्होंने लिखा है कि मुक्तिधाम रोड पर ड्रेनेज बाउंड्रीवॉल के पास बीते कई महीनों से लगातार पीने का पानी व्यर्थ बह रहा है। इस सरकारी सबमर्सिबल के लीकेज की शिकायत कई बार कर चुके हैं लेकिन विभाग बिल्कुल भी ध्यान नहीं दे रहा है। 10 दिन से रुका निर्माण कार्य, कहां खेलें बच्चे? बालिता गांव, वार्ड 18 के वर्धमान रॉयल सिटी से कुलदीप पंवार ने टूटी सड़क की समस्या पोस्ट कर समाधान की अपील की है। उन्होंने बताया कि 10 दिनों से निर्माण कार्य अधूरा छोड़ा हुआ है। गली में सड़क खराब पड़ी है। गड्‌ढों और पानी भरे होने की वजह से बच्चे गली में खेल भी नहीं पा रहे हैं। रुके निर्माण कार्य को जल्द पूरा करवाने की अपील है। कॉलोनी में बेसहारा कुत्तों का बढ़ रहा डर संतोषी सर्किल रोड, केशवपुरा के सेक्टर 6 से हिम्मत सिंह चौहान ने कॉलोनी में बेसहारा कुत्तों की लगातार बढ़ती संख्या पर चिंता जताई है। उन्होंने पोस्ट में लिखा कि क्षेत्र के पीपलेश्वर महादेव मंदिर के आसपास बेसहारा कुत्तों का झुंड खड़ा रहता है। इन्होंने छोटे बच्चों और महिलाओं का रास्ता चलना दूभर कर दिया है। आए दिन किसी न किसी को काट रहे हैं। पार्क के अंदर और बाहर, न सफाई न कचरे का उठाव कोटा के स्वामी विवेकानंद नगर से लक्ष्यराज सिंह राजावत ने कचरा और साफ–सफाई से जुड़ा मुद्दा उठाया है। पोस्ट कर उन्होंने बताया कि हमारे एरिया के पास बने पार्क में न तो सफाई होती है न ही इसके आसपास जमा कचरा ही उठाया जाता है। कचरे और गंदगी के कारण पार्क के पास मच्छर, बेसहारा पशु और मौसमी कीड़े बहुत हो गए हैं। बच्चों को मौसमी बीमारियां होने का डर भी है। अब एक नजर उन समाधानों पर जिसने लोगों को राहत देने का काम किया है… 'भास्कर समाधान' पर पोस्ट के बाद गली की रोड सुधारी महावीर नगर से अर्जुन कुमावत ने टूटी सीसी रोड की शिकायत 'भास्कर समाधान' पर पोस्ट कर समाधान की मांग की थी। उन्होंने लिखा था कि संतोषी नगर में एंट्री करते ही ज्योति ड्राईक्लीनर्स के सामने वाली गली में सीसी रोड टूटी पड़ी है। समस्या पोस्ट होने के बाद गड्‌ढों का पैचवर्क करवाकर निगम ने उनकी समस्या का समाधान करवा दिया है। स्वास्थ्य निरीक्षक अरविंद बुर्ट बने ‘स्टार ऑफिसर’ प्रेम नगर से अशफाक ने गली में सफाई न होने और नालियों का कचरा न निकाले जाने की समस्या पोस्ट की थी। उन्होंने लिखा था कि डीसीएम इलाके में राजेन्द्र मेडिकल वाली गली, न्यू रानी बैंगल्स के सामने की मार्केट में नालियों की बिल्कुल भी सफाई नहीं हो रही है। 'भास्कर समाधान' पर समस्या पोस्ट होने के बाद वार्ड के हैल्थ इंस्पेक्टर अरविंद बुर्ट ने समस्या का समाधान करवाते हुए नालियों का मलबा निकलवा दिया। एप से लोगों को मिल रहा समाधान अपने क्षेत्र की समस्याएं पोस्ट कर यूजर विभागों और जिम्मेदारों को जमीनी हकीकत बता रहे हैं और अधिकारी अपनी टीम से उसका समाधान भी करवा रहे हैं। आप भी अपने क्षेत्र, वार्ड, सेक्टर, गांव या गली की समस्या हमें पोस्ट कर सकते हैं। भास्कर एप पर अपनी समस्या पोस्ट करने लिए यहां क्लिक कीजिए… ‘भास्कर समाधान’ की ये खबरें भी पढ़िए… 1.*'भास्कर समाधान' में सुरेन्द्र बने 'पब्लिक के स्टार':* निगम को मृत गाय उठाने की फुर्सत नहीं, जाम ड्रेनेज सिस्टम से कॉलोनी परेशान 2.*'भास्कर समाधान': आपकी समस्या एक पोस्ट में हल:* कोटा में टूटी सड़क, बिजली और गड्‌ढे बड़ी समस्या, 15 दिन पुराना गड्‌ढा भरा, प्लॉट का कचरा उठा 3.*'भास्कर समाधान' पर प्रेमचंद बने 'पब्लिक के स्टार':* जिस नाले में गिरा बछड़ा, उसे अब तक नहीं ढका, पार्किंग में स्टॉल लगाई, गाड़ी भी नहीं खड़ी करने देते 4.*पार्षद तबस्सुम बनीं 'पब्लिक की स्टार':* पार्क में टूटे झूले, ग्राउंड पर कचरा, कहां खेलें नौनिहाल, 15 दिन से नहीं हटाया रास्ते पर गिरा पेड़ 5. *कोटा में रोड लाइट और नाली की समस्या का समाधान:* जर्जर मकान, कचरा और अधूरी नाली से बढ़ी परेशानी, अरुण झावा बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 6. *भास्कर समाधान: बंद स्ट्रीट लाइट का हुआ समाधान:* झूलते बिजली के तार, अधूरी सड़क-नाली जैसी समस्याओं से परेशान लोग, धर्मेंद्र कुमार बने आज के 'स्टार ऑफिसर' 7. *हैल्थ इंस्पेक्टर मनोज बने 'स्टार ऑफिसर':* नयागांव में लगी रोड लाइट, बोरखेड़ा में साफ हुई नालियां; मगरमच्छ और बंद वॉटर कूलर जैसी समस्या अब भी लंबित