कोटा में सोमवार को जब डिप्टी मेयर विवेक राजवंशी ऑफिस पहुंचे तो ऑफिस का ताला बंद था। इसके बाद वह मेयर अनुसुईया गोस्वामी के ऑफिस में गए और मेयर को अपने कार्यालय तक लेकर आए। मेयर ने कर्मचारियों से कहा कि ताला तो खुलवाते। कर्मचारियों ने कहा-चाबी किसी के पास नहीं थी। इस पर डिप्टी मेयर विवेक राजवंशी ने नाराजगी जताते हुए कर्मचारियों से कहा कि “आपने कुछ काम ही नहीं करवाया है। इसका काम किसको करवाना था?” अधिकारी-कर्मचारियों ने जवाब दिया कि ऑफिस का काम करवाया जा रहा था। इस पर डिप्टी मेयर ने कहा कि "आपसे इसका ताला तो खुला नहीं। ये भी कल हमने ही खुलवाया था, नहीं तो यहां कुछ नहीं था।" कर्मचारियों ने बताया कि ताला एक दिन पहले ही खुलवा दिया गया था। इस पर राजवंशी ने कहा कि क्या काम करवाया है इसमें बताओ। ऑफिस का एसी तक बंद पड़ा है। मेयर बोलीं- दूसरा ऑफिस तैयार होने तक इसे देख लेते हैं मेयर अनुसुईया गोस्वामी ने कहा- जब तक दूसरा ऑफिस तैयार नहीं हो जाता, तब तक इस ऑफिस को एक बार देख लेते हैं। इस पर डिप्टी मेयर ने कहा कि कर्मचारियों को पता था कि मेयर और डिप्टी मेयर यहां आएंगे, ऐसे में काम करवाना चाहिए था। मैं पहले भी गार्डन के पास बैठता था। जरूरत पड़ी तो फिर गार्डन के बाहर बैठ जाऊंगा," कहते हुए डिप्टी मेयर, मेयर के साथ आगे के निरीक्षण के लिए निकल गए। ---- ये खबर भी पढ़ें… बाड़ेबंदी में मान-मनुहार के बाद राजी हुए थे नाराज पार्षद:डिप्टी मेयर के लिए भी बीजेपी की राह आसान नहीं थी, राजवंशी के लिए नाक का सवाल था कोटा में बीजेपी के पास मेयर के बाद डिप्टी मेयर के लिए भी राह उतनी आसान नहीं थी, जितनी बाहर से नजर आ रही थी। बाड़ाबंदी के दौरान कुछ पार्षदों की नाराजगी सामने आने के बाद पार्टी को मान-मनुहार करनी पड़ी, तब जाकर स्थिति संभली। राजवंशी के लिए डिप्टी मेयर की कुर्सी प्रतिष्ठा का सवाल बन गई थी, ऐसे में पार्टी ने नाराज पार्षदों को मनाया। (पूरी खबर पढ़ें)