कोटा के पंचायती राज चुनाव की घोषणा के साथ ही राजस्थान में राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। कोटा में ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं विधायक शांति धारीवाल ने पंचायत चुनाव को लेकर अपनी-अपनी पार्टियों की जीत का दावा किया है। दोनों नेताओं ने ग्रामीण मतदाताओं के बीच अपनी पार्टी के समर्थन का दावा करते हुए एक-दूसरे पर निशाना साधा। नागर बोले- गांवों में भी बीजेपी की सरकार बनाएंगे ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने कहा कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में बीजेपी संगठन और सरकार पिछले ढाई साल से जनता से जुड़ी योजनाओं को धरातल तक पहुंचाने का काम कर रहे हैं। सरकार की ओर से बजट में स्वीकृत विकास कार्य अब जमीन पर दिखाई देने लगे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं और विकास कार्यों का लाभ ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंच रहा है। नागर ने कहा कि जनता विकास के लिए सरकार के साथ तीसरा इंजन जोड़ना चाहती है। उनके मुताबिक प्रदेश में विकास की संभावनाएं बीजेपी के शासन में ही पूरी हो सकती हैं। उन्होंने कहा कि जिस तरह कोटा शहर में कांग्रेस मुक्त बोर्ड बनाने का दावा किया गया है, उसी तरह पंचायत चुनाव में गांवों की सरकार भी कांग्रेस मुक्त बनाने के लिए बीजेपी काम करेगी। नागर ने आगामी पंचायत चुनाव में बीजेपी की जीत का दावा किया। धारीवाल बोले- पंचायत चुनाव में कांग्रेस का प्रदर्शन बेहतर रहेगा वहीं कांग्रेस नेता शांति धारीवाल ने कहा कि हाल में हुए निकाय चुनाव में बीजेपी और कांग्रेस के वोट शेयर में करीब एक प्रतिशत का ही अंतर रहा। उन्होंने दावा किया कि पंचायत चुनाव में कांग्रेस का प्रदर्शन निकाय चुनाव की तुलना में बेहतर रहेगा। धारीवाल ने आरोप लगाया कि निकाय चुनाव में सरकारी मशीनरी के कथित दुरुपयोग के बावजूद बीजेपी बड़ी जीत हासिल नहीं कर सकी। उन्होंने कहा कि पंचायत चुनाव में ग्रामीण जनता सरकार के कामकाज का जवाब देगी। खाद संकट को लेकर भी सरकार पर निशाना धारीवाल ने किसानों से जुड़े खाद संकट को लेकर भी बीजेपी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि किसानों को पर्याप्त खाद नहीं मिल रहा है और खाद की कालाबाजारी को बढ़ावा दिया जा रहा है। धारीवाल के मुताबिक ग्रामीण क्षेत्रों में किसान और आम जनता इन मुद्दों से परेशान हैं और पंचायत चुनाव में इसका जवाब दे सकते हैं।