दौसा के मेहंदीपुर बालाजी थाना पुलिस ने पहाड़ी पर मिली अज्ञात लड़की की हत्या के मामले का खुलासा कर दिया। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित था। 17 अगस्त को मोरा माता मंदिर के पास पहाड़ी पर लड़की (22) का लहूलुहान शव झाड़ियों में मिला था। हत्या कर सबूत छुपाने के लिए बॉडी को सुनसान पहाड़ी पर छुपाया गया था। बालाजी थाना पुलिस के मुताबिक- लड़की की पहचान पुलिस के सामने बड़ी चुनौती थी, क्योंकि शव के पास कोई पहचान संबंधी दस्तावेज या मोबाइल नहीं मिला था। चेहरे पर गंभीर चोटें होने के कारण पहचान नहीं हो पा रही थी। कई राज्यों में तलाश की पुलिस ने मृतका की पहचान और आरोपियों तक पहुंचने के लिए दौसा, जयपुर, अलवर, करौली, सवाई माधोपुर, डीग, भरतपुर और धौलपुर सहित उत्तर प्रदेश के मथुरा, अलीगढ़, आगरा, फिरोजाबाद, एटा, मैनपुरी और बदायूं तथा मध्यप्रदेश के ग्वालियर और उज्जैन तक पुलिस थानों, जीआरपी और कंट्रोल रूम में सूचना भेजी। टीमों ने बस स्टैंड, होटल, रेस्टोरेंट, रेलवे स्टेशन और धर्मशालाओं सहित सार्वजनिक स्थानों पर मृतका की तस्वीरें चस्पा कर पहचान की कोशिश की। 1000 से ज्यादा CCTV फुटेज खंगाले पुलिस टीम ने घटनास्थल, मंदिर क्षेत्र, मुख्य मार्गों, सड़कों, टोल बूथ, होटल और धर्मशालाओं में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज से साक्ष्य जुटाए। जिसके बाद संदिग्धों को चिन्हित किया गया। लड़की की पहचान संगीता निवासी बुलंदशहर (यूपी) के रूप में हुई। साइबर सेल की टीम ने मृतका और संदिग्ध आरोपियों से जुड़े महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। पुलिस टीम ने 17 अगस्त से लगातार कार्रवाई करते हुए करीब 700 किलोमीटर का सफर तय किया और आखिरकार हत्या की वारदात में शामिल आरोपियों तक पहुंच गई। बुलंदशहर के दो आरोपी गिरफ्तार पुलिस ने मामले में गजेन्द्र उर्फ सोनू मीना निवासी जीराजपुर, थाना अहमदगढ़ और विवेक मीना निवासी अजीजाबाद, थाना पहासू, जिला बुलंदशहर यूपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस दोनों आरोपियों से पूछताछ कर हत्या की पूरी वजह और वारदात में उनकी भूमिका की जानकारी जुटा रही है।