नीम के हरे-भरे पेड़ की तने से आग निकलती देख हर कोई हैरान रह गया। पेड के तने के टॉप पर खोखर से आग की लपटें इस तरह निकल रही थी जैसे गैस सिलेंडर ने आग पकड़ ली हो। यह घटना नागौर शहर के बाजवाड़ा इलाके में सोमवार दोपहर 3.15 बजे हुई। आग पर दमकल ने काबू पाया। जानकारी के मुताबिक बाजवाड़ा इलाके में गिनानी तालाब के पास करीब 70 साल पुराने नीम के हरे भरे पड़े के तने से लपटें निकलती देख स्थानीय लोगों ने नगर परिषद को इसकी सूचना दी। पेड़ के पास से बिजली की लाइनें भी निकल रही हैं। ऐसे में नगर परिषद से दमकल रवाना हुई और आग पर काबू पाने की कोशिश शुरू की। दुकानदार बोले- राहगीर ने सूचना दी थी मोहल्ले में किराना शॉप चलाने वाले जगदीश अग्रवाल ने बताया- दोपहर में एक राहगीर दुकान पर आया और उसने बताया कि नीम के पेड़ में आग लगी है। मौके पर जाकर देखा तो पेड़ की जड़ों के पास हल्की आग लगी हुई थी। मैंने पानी की बाल्टियां लाकर आग को बुझाने की कोशिश की लेकिन आग काबू नहीं हो सकी। पेड़ का तना खोखला है। आग अंदर ही अंदर बढ़ रही थी और तने के ऊपरी हिस्से में बने खोखर से निकल रही थी। इसके बान परिषद को सूचना देने पर दमकल की टीम पहुंची। स्थानीय लोगों ने बताया कि नीम के पेड़ की जड़ों के पास आग लगी थी। तब किसी का ध्यान इस तरह नहीं गया। इसके बाद आग अंदर की तरफ फैली। मौके पर पहुंची दमकल को आग पर काबू पाने में एक घंटे से ज्यादा का समय लग गया। इस दौरान मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। बिजली लाइन पास, सप्लाई बंद करवाई नीम के पेड़ के पास से बिजली की लाइन गुजर रही थी। आग बुझाने के दौरान किसी तरह का हादसा न हो, इसके लिए बिजली विभाग को भी सूचना दी गई। इसके बाद क्षेत्र की बिजली सप्लाई बंद करवाई गई। दमकलकर्मी लगातार पानी डालकर आग पर काबू पाने का प्रयास करते रहे। रह-रहकर लपटें निकलती रही। काफी देर तक दमकल की टीम वहीं मौजूद रही। पेड़ के खोखले हिस्से में पाइप डालकर प्रेशर से पानी छोड़ा गया। जब टीम आश्वस्त हो गई कि आग बुझ गई है, तब रवाना हुई।