सवाई माधोपुर| अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सवाई माधोपुर के तत्वावधान में शहीद कैप्टन रिपुदमन सिंह विधि महाविद्यालय में विधिक जागरूकता शिविर हुआ। शिविर में विद्यार्थियों को नालसा शिक्षा योजना 2026, निःशुल्क विधिक सलाह, विधिक सहायता पर कानूनी, व्यवहारिक जानकारी दी गई। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सवाई माधोपुर की सचिव ने कहा, साक्षरता का मतलब सिर्फ पढ़ना-लिखना नहीं। अधिकार, कर्तव्य, कानून की जानकारी भी जरूरी है। विधिक साक्षरता कमजोर, जरूरतमंद वर्गों को न्याय तक पहुंचाने का माध्यम है। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा, कानूनी जानकारी अपने तक सीमित न रखें। समाज के दूसरे लोगों तक पहुंचाएं। सचिव ने नालसा शिक्षा योजना 2026 पर बताया, यह कमजोर वर्गों, वंचित समूहों के बच्चों, दिव्यांग बच्चों के लिए शिक्षा की पहुंच, निरंतरता सुनिश्चित करती है। उद्देश्य स्कूल में दाखिला दिलाना है। पढ़ाई जारी रखना है। छात्रवृत्ति देना है। हॉस्टल सुविधा देना है। मिड डे मील सुविधाएं उपलब्ध कराना है। ड्रॉपआउट दर कम करने में मदद करना है। समुदायों में शिक्षा के महत्व पर जागरूकता फैलाना है। उन्होंने ट्रांसफॉर्मेटिव ट्यूजडे के तहत ‘स्ट्रेंजर डेंजर- नो, गो, टेल’ विषय पर भी बात की। विद्यार्थियों से कहा, स्कूल में पढ़ने वाले परिचित बच्चों को अजनबियों से सावधान रहने के लिए प्रेरित करें। अनुचित या असहज स्थिति में साफ ‘नहीं’ कहें। वहां से दूर जाएं। किसी भरोसेमंद व्यक्ति को तुरंत बताएं। शिविर में असिस्टेंट एलएडीसी अक्षय राजावत ने भी कई कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी। उन्होंने हिट एंड रन मोटर दुर्घटना के पीड़ितों को मुआवजा योजना 2022 पर बताया। योजना के तहत अज्ञात वाहन से हिट एंड रन दुर्घटना में पीड़ितों या उनके आश्रितों को नियमानुसार मुआवजा, सहायता मिलती है। उन्होंने राजस्थान पीड़ित प्रतिकर योजना पर भी जानकारी दी। कहा, अपराध पीड़ित व्यक्ति और उनके आश्रितों को नियमानुसार प्रतिकर राशि पाने का अधिकार है। पात्र पीड़ित जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के जरिए जरूरी विधिक सहायता ले सकते हैं।