प्रदेश में नगर निकाय चुनाव के नामांकन में अब सिर्फ दो दिन बचे हैं। बीजेपी और कांग्रेस ने अभी अपने प्रत्याशियों के नामों की आधिकारिक सूची जारी नहीं की है। ऐसे में टिकट के दावेदारों में असमंजस की स्थिति बनी हुई है। दोनों ही दल अंतिम समय में प्रत्याशियों के नाम तय करने और संगठन में किसी तरह की नाराजगी या बगावत से बचने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर भीलवाड़ा में महिला मोर्चा की पदाधिकारियों ने पार्टी नेतृत्व पर टिकट वितरण में परिवारवाद का आरोप लगाते हुए दूसरे दिन शनिवार को भी बड़ी संख्या में महिलाएं धरने पर बैठी हैं। महिलाएं रातभर धरने पर बैठी रहीं। भाजपा ने प्रत्याशियों के चयन को लेकर शनिवार को भी बीजेपी मुख्यालय में बैठक बुलाई है। जयपुर स्थित भाजपा मुख्यालय में जयपुर और भरतपुर संभाग के नगर निगम, नगर पालिका और नगर परिषद चुनावों के प्रत्याशियों के नामों पर मंथन किया जाएगा। बैठक में पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहेंगे। संबंधित क्षेत्रों के जनप्रतिनिधियों और पार्टी प्रभारियों के साथ अलग-अलग स्तर पर चर्चा कर प्रत्याशियों के नामों को अंतिम रूप दिया जाएगा। दरअसल, भाजपा प्रत्याशियों के चयन में तीन स्तर पर रायशुमारी कर रही है। स्थानीय संगठन से लेकर जनप्रतिनिधियों और पार्टी प्रभारियों तक की रिपोर्ट और दावेदारों की स्थिति पर चर्चा के बाद अंतिम फैसला लिया जाएगा। कई सीटों पर पार्टी स्तर पर नाम लगभग तय होने की बात सामने आ रही है, लेकिन इसके बावजूद भाजपा ने अब तक प्रत्याशियों की कोई आधिकारिक सूची जारी नहीं की है। ------------------------ ये खबर भी पढ़िए… बीजेपी में जारी नहीं होगी प्रत्याशियों की लिस्ट!:कैंडिडेट को सीधे सिंबल दे सकती है; कांग्रेस भी विवाद वाली जगहों पर यही फॉर्मूला अपनाएगी निकाय चुनावों को लेकर भाजपा इस बार नया फार्मूला अपना सकती हैं। पार्टी ने तय किया है कि इस बार प्रत्याशियों की लिस्ट जारी नहीं करके सीधे जिला कार्यालय बुलाकर सिंबल दिया जाएगा। (पढ़िए पूरी खबर)