लोहार्गल धाम में देवनारायण मंदिर के पास नानी बाई का मायरा कथा में बुधवार को मुख्य प्रसंग भगवान श्रीकृष्ण के सेठ का रूप धारण करके नरसी मेहता के साथ मायरा भरने के लिए अंजार नगर पहुंचने का रहा। कथावाचक रणवीर भाई शेखावाटी ने बताया कि यह मायरा भक्त की अटूट परीक्षा और विश्वास का है। कथा में पहुंचे बुढ़ वाले बालाजी धाम व मातेश्वरी मेला कमेटी के स्वागत प्रभारी डॉ. रामकुमार सिराधना ने कहा कि अपनी परंपराओं और संस्कृति की रक्षा आवश्यक है। मदनलाल भावरिया ने बताया कि श्रद्धालुओं ने संतों का सम्मान किया। बालाजी धाम के विकास जांगिड़ ने बताया कि सेवा शिविर व मायरा वाचन का शुक्रवार को समापन होगा। डॉ. रामकुमार सिराधना, भागीरथ सिंह, भगवान सहाय, सुरेश कुमार मौजूद रहे।