राजीव गांधी लिफ्ट कैनाल में पानी पीने के दौरान गोवंश के गिरने की घटनाओं के बीच पांचला खुर्द और जसनाथबाड़ी के युवाओं ने करीब चार साल पहले रेस्क्यू अभियान शुरू किया। ओमाराम बेनीवाल, लिखमाराम लुखा, रिडमलराम गोदारा और चैनाराम गोदारा ने ‘गौ माता टीम पांचला खुर्द’ नाम से इसकी शुरुआत की। अब आसपास के कई युवा भी इससे जुड़े हैं। नहर में पशु गिरने की सूचना मिलते ही टीम रस्सियों और उपलब्ध साधनों के साथ मौके पर पहुंचती है। सुरक्षा उपकरणों की कमी के कारण कई बार युवाओं को तेज बहाव में उतरकर पशुओं को बाहर निकालना पड़ता है। टीम के अनुसार अब तक बड़ी संख्या में पशुओं का रेस्क्यू किया जा चुका है। पांचला खुर्द, जसनाथबाड़ी, चामू, चेराई, चंडालिया, घेवड़ा, गगाड़ी और बिजारिया बावड़ी सहित 30-40 किलोमीटर क्षेत्र में घायल व बीमार पशुओं की सूचना पर भी टीम पहुंचती है। जरूरत पड़ने पर पशुओं को उपचार के लिए विश्व स्तरीय गो चिकित्सालय, नागौर की जोधपुर शाखा तक पहुंचाया जाता है। घायल नीलगाय, हिरण और मोर का उपचार करवाकर वन विभाग को सौंपा जाता है। टीम ने प्रशासन से रेस्क्यू उपकरण, सुरक्षा सामग्री और पशु उपचार के संसाधन उपलब्ध कराने की मांग की है। टीम से जुड़े सहयोगियों में जगदीश लखानी, महिपाल जाणी, बालाराम भोगियाण, कानाराम बेनीवाल, गंगाराम, दीपाराम, खियाराम, मुलाराम, जगदीश, लिखमाराम, जोगेंद्र कड़वासरा, महेन्द्र चामु, सुखदेव चौधरी, रुपाराम बेनीवाल, रामेश्वर बेनीवाल आदि शामिल हैं।