राजस्थान में पंचायत चुनाव की घोषणा हो गई है। उदयपुर में तीन चरणों में चुनाव होंगे। आयोग के चुनाव कार्यक्रमों की घोषणा के साथ ही ग्रामीण इलाकों में आचार संहिता लग गई है। राजस्थान के इतिहास में पहली बार पंचायत चुनाव एक साथ हो रहे हैं। जिले में पंच-सरपंच के चुनाव के लिए वोटिंग 25 अक्टूबर, 31 अक्टूबर और 6 नवंबर को वोटिंग होगी। 6 नवंबर को धनतेरस भी है। पंच/सरपंच के चुनाव का रिजल्ट वोटिंग के दिन ही आ जाएगा। जिले की 20 पंचायत समितियों में 3 अक्टूबर तक कुल 13,79,990 मतदाता पंजीकृत हैं। वहीं पंचायत समिति सदस्य व जिला परिषद सदस्य के चुनाव के लिए वोट 23, 29 अक्टूबर और 4 नवंबर को डाले जाएंगे।इनके चुनाव परिणाम देवउठनी एकादशी के दिन 20 नवंबर को आएगा। जिला प्रमुख के चुनाव 25 नवंबर और प्रधान के चुनाव 27 नवंबर को होंगे। उदयपुर जिला परिषद में इस बार 47 वार्ड पिछले चुनाव तक उदयपुर जिला परिषद में 43 सदस्य चुने गए और इस बार सदस्य संख्या बढ़कर 47 हो गई है। उदयपुर में जिला प्रमुख इस बार अनारक्षित ओपन के लिए आरक्षित हुआ है, जबकि पिछले कार्यकाल में यह सीट अनारक्षित महिला के लिए रिजर्व थी।