कोटा के उम्मेदगंज इलाके में बंदरों का आतंक बढ़ता जा रहा है। बंदर आए दिन घरों में घुसकर रसोई में रखा खाना ले जाते है। यहां तक कि फ्रिज भी खोल लेते है। लोग जब बंदरों को भगाने की कोशिश करते हैं तो वे हमला कर देते हैं। हाल में एक बंदर ने 12 साल के बच्चे पर हमला कर दिया। बच्चे की कंधे की हड्डी टूट गई, उसका निजी हॉस्पिटल में ऑपरेशन कराया गया। बंदर ने हमला कर हाथ पर काटा बंदर के हमले में देवांश घायल हुआ है। घायल बच्चे के चाचा कालू गुर्जर ने बताया कि बच्चा उम्मेदगंज में भेरुजी के मंदिर पर बैठा था। इस दौरान अचानक एक बंदर ने उस पर हमला कर दिया। बंदर ने उसके हाथ में काट लिया और उसे ऊपर से नीचे गिरा दिया। इससे उसके कंधे की हड्डी टूट गई। घायल बालक को परिजन निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसका ऑपरेशन किया। घरों के अंदर घुसकर उत्पात मचाते है बंदर कालू गुर्जर ने बताया कि गांव में बंदरों का आतंक है। बंदर हर दिन किसी न किसी मकान में घुस जाते हैं और रोटी-सब्जी सहित अन्य सामान खा जाते हैं। वे फ्रिज भी खोल लेते हैं। जब कोई उन्हें भगाने जाता है तो वे हमला कर देते हैं। उनके भतीजे देवांश पर भी बंदर ने हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। नगर निगम में की शिकायत कालू गुर्जर ने बताया कि बंदरों की समस्या को लेकर वार्ड पार्षद को शिकायत दी गई है। पार्षद के माध्यम से नगर निगम के अधिकारियों तक भी समस्या पहुंचाई गई है। ग्रामीणों ने निगम प्रशासन से बंदरों को पकड़ने और इलाके के लोगों को इस समस्या से राहत दिलाने की मांग की है।