नगर परिषद चुनाव के दौरान वार्ड-33 के मतदान केंद्र पर कांग्रेस प्रत्याशी पवन दवे के साथ कथित मारपीट के विरोध में बुधवार रात कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एसपी ऑफिस के सामने धरना दिया। एसपी शैलेंद्र सिंह इंदोलिया के नहीं मिलने पर कार्यकर्ता वहीं बैठ गए। समझाइश के बाद भी नहीं मानने पर कोतवाली पुलिस सभी प्रदर्शनकारियों को थाने ले गई। रात करीब 10 बजे कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कोतवाली के बाहर भी पुलिस कार्रवाई का विरोध किया। बाद में कांग्रेस नेता पुखराज पाराशर के हस्तक्षेप से कार्यकर्ताओं को छोड़ दिया गया। एसपी ऑफिस के सामने धरने पर बैठे कांग्रेसी वार्ड-33 के मतदान केंद्र पर विवाद के बाद कांग्रेस प्रत्याशी पवन दवे और उनके समर्थक आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज करने और कार्रवाई की मांग को लेकर एसपी शैलेंद्र सिंह इंदोलिया से मिलने पहुंचे थे। एसपी के नहीं मिलने पर कांग्रेस कार्यकर्ता उनके ऑफिस के बाहर धरने पर बैठ गए। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। थाना प्रभारी रामेश्वरलाल भाटी ने कार्यकर्ताओं को समझाया और कहा कि वे डीएसपी को रिपोर्ट और ज्ञापन दे सकते हैं। लेकिन कार्यकर्ता एसपी से मिलने की मांग पर अड़े रहे। इसके बाद पुलिस ने सभी प्रदर्शनकारियों को वहां से उठाकर कोतवाली पहुंचा दिया। रात 10 बजे कोतवाली के बाहर जुटे कार्यकर्ता पुलिस की कार्रवाई के बाद रात करीब 10 बजे कांग्रेस के पदाधिकारी और कार्यकर्ता कोतवाली के बाहर एकत्रित हो गए। उन्होंने पुलिस कार्रवाई का विरोध किया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुलिस पर हाथापाई करने का भी आरोप लगाया। बाद में कांग्रेस नेता पुखराज पाराशर के हस्तक्षेप के बाद कार्यकर्ताओं को छोड़ दिया गया। इसके बाद कांग्रेस कार्यकर्ता पुखराज माली ने कोतवाली के सामने कपड़े उतारकर विरोध जताया। मतदान केंद्र पर हुआ था विवाद वार्ड-33 के राजेंद्र नगर स्थित सरकारी स्कूल के संवेदनशील मतदान केंद्र पर बुधवार दोपहर करीब 2:30 बजे विवाद हुआ था। उस समय दो महिलाएं और एक युवक वोट डालने पहुंचे थे। कांग्रेस प्रत्याशी पवन दवे का आरोप है कि भाजपा प्रत्याशी जयसिंह और उनके समर्थक व पोलिंग एजेंट डूंगराराम देवासी मतदान कक्ष के अंदर मौजूद थे। दवे ने मतदाताओं पर दबाव डालने की आशंका जताते हुए आपत्ति दर्ज कराई। इसके बाद दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। दवे का आरोप है कि मतदान कक्ष से बाहर आते ही डूंगराराम ने उनका हाथ पकड़कर उन्हें घेर लिया। इसी दौरान भाजपा प्रत्याशी जयसिंह ने उन्हें पीछे से पकड़कर जमीन पर गिरा दिया और लात मारी। घटना के समय पुलिसकर्मी और जोनल मजिस्ट्रेट अशोक विश्नोई भी मौके पर मौजूद थे। विवाद बढ़ने पर पुलिस ने दोनों पक्षों को अलग किया। स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस ने हल्का बल प्रयोग भी किया। कार्रवाई की मांग को लेकर पहुंचे थे एसपी ऑफिस घटना के बाद कांग्रेस प्रत्याशी पवन दवे और उनके समर्थक मामला दर्ज करने और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर एसपी ऑफिस पहुंचे थे। एसपी के नहीं मिलने पर उन्होंने कार्यालय के बाहर धरना शुरू कर दिया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं के प्रदर्शन और बाद की पुलिस कार्रवाई के बाद मामला देर रात तक कोतवाली के बाहर भी चलता रहा।