टेक्सटाइल उद्योगों से निकलने वाले प्रदूषित पानी के निस्तारण को लेकर राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण मंडल ने सख्ती बढ़ा दी है। मंडल ने पाली, बालोतरा, जोधपुर व सांगानेर के टेक्सटाइल प्रोसेसिंग यूनिट्स में कैप्टिव ईटीपी के साथ जीरो लिक्विड डिस्चार्ज सिस्टम लगाने व संचालित करने के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। जमीन, नाली या खुले में किसी तरह का पानी छोड़ना प्रतिबंधित रहेगा। यह आदेश सुप्रीम कोर्ट के जोजरी नदी प्रदूषण से संबंधित मामले में दिए गए निर्देशों की अनुपालना के तहत जारी किया गया है। पाली, बालोतरा व जोधपुर में संबंधित हित धारकों के साथ चर्चा के बाद दिशा-निर्देश तैयार किए गए हैं। 100 केएलडी व अधिक वाली यूनिट दायरे में 100 केएलडी या इससे अधिक अपशिष्ट जल उत्पन्न करने वाली यूनिट्स तथा परिसर में एकीकृत प्रोसेसिंग या प्लांट व मशीनरी में 3 करोड़ रुपए से अधिक निवेश वाली इकाइयों को इन प्रावधानों के तहत कैप्टिव ईटीपी-जेडएलडी व्यवस्था करनी होगी। ब्लॉक प्रिंटिंग, स्क्रीन प्रिंटिंग, टाई-डाई व अन्य सूक्ष्म इकाइयों के मामलों में तकनीकी विशेषज्ञ समिति की मंजूरी जरूरी होगी। रिजेक्ट माल को गड्ढ़े में रखना भी प्रतिबंधित जेडएलडी सिस्टम में प्री-ट्रीटमेंट से लेकर फिजिको-केमिकल, बायोलॉजिकल, टरशरी ट्रीटमेंट, यूएफ के साथ कम से कम स्टेज-III आरओ, एमईई /एमवीआर व एटीएफडी लगाना अनिवार्य किया गया है। आरओ रिजेक्ट के लिए सोलर इवैपोरेशन पोंड व मिस्ट गन/फॉगर का इस्तेमाल नहीं किया जा सकेगा। रिजेक्ट को खुले में, गड्ढे या लैगून में रखना भी प्रतिबंधित रहेगा। खराबी आते ही यूनिट बंद, अपशिष्ट का निस्तारण जरूरी ईटीपी, आरओ, एमईई, एमवीआर या एटीएफडी में खराबी आने पर यूनिट का संचालन तत्काल रोककर क्षेत्रीय कार्यालय को सूचना देनी होगी। ईटीपी स्लज व एमईई नमक का निस्तारण खतरनाक अपशिष्ट नियमों के तहत करना होगा। इसके लिए अलग प्राधिकरण, 10 प्रतिशत से कम नमी व मासिक रिकॉर्ड रखना जरूरी होगा। मीटर, सीसीटीवी व ऑनलाइन निगरानी ईटीपी इनलेट-आउटलेट, आरओ व एमईई के प्रत्येक स्तर पर इलेक्ट्रोमैग्नेटिक फ्लो मीटर लगाने होंगे। सीसीटीवी कैमरे आरएसपीसीबी सर्वर से कनेक्ट रहेंगे व फुटेज 30 दिन तक सुरक्षित रखनी होगी। पीएलसी आधारित स्मार्ट एनर्जी मीटर, ओसीईएमएस व एरेशन टैंक में डीओ मीटर भी अनिवार्य किए गए हैं। ईटीपी व जेडएलडी की पाइपलाइन कठोर होगी, फ्लेक्सिबल पाइप का उपयोग नहीं किया जा सकेगा।