झालावाड़ के अकलेरा में विकसित भारत जन सेवा अभियान और आयुर्वेद दिवस पर एक आरोग्य शिविर लगाया गया। यह शिविर आयुष्मान आदर्श ग्राम योजना के तहत आयुष्मान आरोग्य मंदिर, राजकीय आयुर्वेद औषधालय गेहूंखेड़ी ने आयोजित किया। शिविर में चिकित्सा अधिकारी डॉ. सोनिका मीणा ने ग्रामीणों की सेहत जांची और जरूरी इलाज व स्वास्थ्य संबंधी सलाह दी। शिविर में कुल 56 मरीजों की स्वास्थ्य जांच की गई। इस दौरान मरीजों का ब्लड शुगर और हीमोग्लोबिन भी जांचा गया। उन्हें जरूरत के हिसाब से इलाज और सलाह दी गई। डॉक्टर ने ग्रामीणों को नियमित जांच कराने, संतुलित और पौष्टिक खाना खाने, साथ ही योग व व्यायाम को रोजमर्रा की जिंदगी में शामिल करने की सलाह दी। शिविर में ग्रामीणों को कई औषधीय पौधों के बारे में बताया गया। उन्हें इन पौधों की पहचान, उनके गुण, स्वास्थ्य में उपयोग और उन्हें बचाने के तरीके समझाए गए। लोगों को ज्यादा से ज्यादा औषधीय पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने के लिए प्रेरित किया गया। बताया गया कि उनके आसपास कई ऐसे पौधे हैं, जिनमें औषधीय गुण होते हैं। आयुर्वेद में इनका इस्तेमाल लंबे समय से हो रहा है। कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों और वहां मौजूद लोगों को नशामुक्ति की शपथ भी दिलाई गई। लोगों को नशे से होने वाले शारीरिक, मानसिक और सामाजिक नुकसान के बारे में जागरूक किया गया। उनसे नशे से दूर रहने और दूसरों को भी नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करने को कहा गया। इस शिविर में चिकित्सा अधिकारी डॉ. सोनिका मीणा और कंपाउंडर राजाराम के साथ बड़ी संख्या में ग्रामीण और आम लोग मौजूद थे। शिविर का मकसद ग्रामीणों को स्वास्थ्य जांच और इलाज के साथ-साथ आयुर्वेद, योग, पौष्टिक खाने, औषधीय पौधों के इस्तेमाल और नशामुक्ति के प्रति जागरूक करना था।