पंचायती राज चुनाव से पहले तीन सूत्री मांगों को लेकर बांसवाड़ा में आदिवासी आरक्षण मंच ने रविवार को शक्ति प्रदर्शन किया। कॉलेज मैदान में सभा के बाद हजारों की संख्या में भील समुदाय के लोग ढोल-थाली की थाप पर रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचे। यहां प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्टर से मुलाकात कर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा और अनुसूचित व गैर-अनुसूचित क्षेत्र के वंचित जनजाति वर्ग के लिए 9% ‘कोटे में कोटा’ समेत तीनों मांगों को चुनाव से पहले पूरा करने की मांग की। 3 सूत्री मांगों को लेकर सरकार से मांग आदिवासी आरक्षण मंच ने अनुसूचित क्षेत्र के जनजाति वर्ग के लिए 6.5% और गैर-अनुसूचित क्षेत्र के वंचित जनजाति वर्ग के लिए 2.5% आरक्षण का प्रावधान करने की मांग की। मंच के अनुसार दोनों को मिलाकर कुल 9% ‘कोटे में कोटा’ यानी उपवर्गीकरण का पृथक आरक्षण दिया जाए और इसकी अधिसूचना पंचायती राज चुनाव से पहले जारी की जाए। दूसरी मांग अनुसूचित क्षेत्र के जनजाति वर्ग को जनसंख्या के अनुपात में आरक्षण देने की है। तीसरी मांग न्यूनतम पात्रता मापदंडों में उपवर्गीकरण के साथ पूर्ण छूट देने की है, ताकि पद रिक्त नहीं रहें और वंचित वर्ग को इसका लाभ मिल सके। प्रो. कटारा बोले- सरकार पुलिस तंत्र नहीं, सामाजिक न्याय दे महारैली से पहले कॉलेज मैदान में हुई सभा को आदिवासी आरक्षण मंच की केंद्रीय कमेटी के सलाहकार प्रो. कमलकांत कटारा ने संबोधित किया। उन्होंने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि 1 अगस्त 2024 के उच्चतम न्यायालय के फैसले और संवैधानिक प्रावधानों के बावजूद वंचित भील समुदाय की मांग में देरी करना ऐतिहासिक अन्याय और खिलवाड़ है। प्रो. कटारा ने कहा कि सरकार लोकतंत्र को पुलिस तंत्र में न बदले। बिना उपवर्गीकरण के पात्रता मापदंडों में छूट देने से वंचित भील समुदाय को कोई लाभ नहीं मिलेगा। उन्होंने सरकार से पैंतरेबाजी छोड़कर जल्द तीनों मांगें पूरी करने की चेतावनी दी। ढोल-थाली की थाप पर कलेक्ट्रेट पहुंचे महारैली में भील समुदाय के हजारों लोग पारंपरिक ढोल, कुण्डी और थाली की थाप के साथ अनुशासन और शांति से कॉलेज मैदान से रवाना हुए। रैली प्रताप सर्कल और मोहन कॉलोनी होते हुए जिला कलेक्ट्रेट पहुंची। कलेक्ट्रेट पहुंचने के बाद प्रो. कमलकांत कटारा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने जिला कलेक्टर से मुलाकात की और मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधिमंडल ने पंचायती राज चुनाव से पहले तीनों मांगें पूरी करने का पुरजोर आग्रह किया। विधायक समेत इन लोगों ने किया समर्थन सभा को आदिवासी आरक्षण मंच के केंद्रीय कमेटी संयोजक मंडल सदस्य धूलाराम भगोर और बागीदौरा विधायक जयकृष्ण पटेल ने भी संबोधित कर मांगों का समर्थन किया। जिला सहसंयोजक राजेन्द्र पटेल, अनिल डामोर, दीपसिंह वसुनिया, कैलाश डामोर, अमित डामोर और मोहनलाल कटारा सहित कई वक्ताओं ने भी विचार रखे। कार्यक्रम का संचालन आशीष पारगी ने किया।