बारां जिले के शाहाबाद में 1800 मेगावाट के पंप्ड स्टोरेज हाइड्रो पावर प्रोजेक्ट में पेड़ काटने के प्रस्ताव को राज्य सरकार ने खारिज कर दिया है। ग्रीनको एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड का यह प्रोजेक्ट शाहाबाद तहसील के कलोनी और शाहपुर के घने जंगलों में प्रस्तावित है। इस प्रोजेक्ट के लिए करीब 408 हेक्टेयर वन भूमि का डायवर्जन होना है। कंपनी ने जलाशय के बीच आने वाले लगभग 1.19 लाख पेड़ों को काटने की अनुमति मांगी थी। कंपनी ने तर्क दिया था कि पानी के चार्ज-डिस्चार्ज से टरबाइन को नुकसान हो सकता है। पर वन विभाग ने इसे खारिज कर दिया। विभाग ने कहा कि पेड़ों की कटाई से भूस्खलन और मिट्टी का कटाव बढ़ेगा, और कंपनी ने कोई अध्ययन नहीं दिया। यह इलाका कुनो नेशनल पार्क के इको-सेंसिटिव जोन के करीब है और दुर्लभ वन्यजीवों का प्राकृतिक आवास है। पर्यावरणविदों का कहना है कि सरकार का यह फैसला पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक जीत है।