भीलवाड़ा शहर के माली खेड़ा में 4 अक्टूबर को लापता हुए दो बच्चे के शव मंगलवार को शाम 6 बजे उनके घर से 5 किमी दूर पालडी स्तिथ कोठारी नदी के पेटे में मिले। आशंका जताई जा रही है कि दोनों बच्चाें की मौत पानी में डूबने से हुई है। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का जायजा लिया। पुलिस ने दोनों बच्चों की बॉडी को बाहर निकलवाया। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और पता लगाने का प्रयास कर रही है कि दोनों बच्चे यहां तक कैसे पहुंचे। कोठारी नदी में मिले दोनों के शव थाना प्रभारी सुनील चौधरी ने बताया- जिले के भीमगंज थाना क्षेत्र के माणिक्यनगर मालियों का बड़ा मंदिर क्षेत्र से 4 अक्टूबर की सुबह 11 बजे घर से दो 10 साल के बच्चे दिव्यांशु सोनी (डुग्गू) और रजत जाट (भुंगड़ा) घर से खेलने के लिए निकले थे। जो वापस नहीं लौटे थे। परिजनों ने बहुत तलाश की लेकिन वह नहीं मिले। इसके बाद 5 अक्टूबर को परिजनों की रिपोर्ट पर पुलिस की चार टीमें बनाई गई थी। सीसीटीवी फुटेज में नजर आए दोनों बच्चे टीमें अलग-अलग जगहों पर बच्चों की तलाश में जुटी। जांच के दौरान दोनों बच्चे सांगानेरी गेट के पास एक तीसरे बच्चे के साथ साइकिल चलाते हुए सीसीटीवी फुटेज में नजर आए थे। इसके बाद आसपास के क्षेत्रों में लगे अन्य सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी चेक किए गए थे। कोठारी नदी में मिले दोनों के शव मंगलवार शाम को 6 बजे बच्चों के पालडी स्तिथ कोठारी नदी में बॉडी मिलने की सूचना मिली। टीम ने बच्चों की बॉडी को बाहर निकाला गया। दोनों के शव महात्मा गांधी के अस्पताल के मॉर्च्युरी में रखवाया गया है। बुधवार को पोस्टमॉर्टम होगा। दोनों दोस्त थे, एक साथ रहते थे थाना प्रभारी सुनील चौधरी ने बताया- दिव्यांशु सोनी (डुग्गू) के पिता सिलाई का काम करते है। वहीं रजत जाट (भुंगड़ा) के पिता की पहले ही मौत हो चुकी है। मां आगरा में रहती है। यहां वो अपने दादा-दादी के साथ रहता था। दोनों दोस्त थे।