भीलवाड़ा शहर के प्रताप नगर स्कूल परिसर स्थित प्राचीन धर्मस्थल में असामाजिक तत्वों द्वारा बार बार तोड़फोड़ कर मूर्ति खंडित करने की घटना से तेली समाज, विश्व हिंदू परिषद और स्थानीय लोगों आज ने सोमवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिला कलेक्टर और एसपी को ज्ञापन दिया और आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की। राजस्थान प्रांतीय तैलिक साहू महासभा के प्रदेश प्रभारी एडवोकेट कुशल साहू ने बताया कि प्रताप नगर स्कूल परिसर में तेली समाज और स्थानीय लोगों की आस्था का केंद्र धार्मिक प्राचीन धार्मिक स्थल स्थान है। यहां दूसरी बार तोड़ फोड़ की घटना हुई है, इससे17-18 मई को भी असामाजिक तत्वों द्वारा यहां तोड़फोड़ कर मूर्ति को खंडित किया गया था, जिसकी रिपोर्ट प्रताप नगर थाने में दर्ज कराई गई थी। उस समय प्रशासन द्वारा आगे ऐसी घटना न होने का आश्वासन दिया गया था। पहले वाली घटना में कार्रवाई नहीं होने से अपराधी बेखौफ समाज के प्रतिनिधियों का आरोप है कि पिछली घटना के बाद पुलिस द्वारा कोई ठोस कार्रवाई न किए जाने और असामाजिक तत्वों की पहचान न होने से अपराधियों के हौसले बुलंद हैं। इसके चलते 26 सितंबर की रात असामाजिक तत्वों ने सोची-समझी साजिश के तहत एक बार फिर तोड़फोड़ कर मूर्ति को खंडित कर दिया। सुरक्षा के लिहाज से कैमरे लगवाने और चारदीवारी कराने के बावजूद इस प्रकार की पुनरावृत्ति से क्षेत्र के लोगों में भारी असंतोष है। कार्रवाई नहीं हुई तो उग्र आंदोलन की चेतावनी ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि असामाजिक तत्वों की इस हरकत से हिंदू समाज की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं और भीलवाड़ा के शांतिप्रिय माहौल को खराब करने का प्रयास किया जा रहा है। विहिप, तेली समाज व समस्त हिंदू संगठनों ने मांग की है कि घटना के दोषियों की जल्द से जल्द पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाए और क्षेत्र में पुलिस जाब्ता बढ़ाया जाए। यदि प्रशासन द्वारा शीघ्र कठोर कानूनी कार्रवाई नहीं की गई तो समाज उग्र आंदोलन, आक्रोश रैली निकालने और धरने-प्रदर्शन के लिए मजबूर होगा।