विश्व पर्यटन दिवस पर रविवार को बूंदी में स्वच्छता अभियान, सांस्कृतिक कार्यक्रम और ऐतिहासिक धरोहरों से जुड़ी गतिविधियां हुईं। सेवा पखवाड़े के तहत नागर-सागर कुंड पर नगर परिषद सभापति भरत शर्मा के नेतृत्व में तीन घंटे तक श्रमदान कर दोनों कुंडों की सफाई की गई। वहीं, सुखमहल में कच्छी घोड़ी नृत्य की प्रस्तुति हुई और विद्यार्थियों ने प्रश्नोत्तरी के जरिए बूंदी की ऐतिहासिक विरासत को जाना। इस अवसर पर रानीजी की बावड़ी, सुखमहल, 84 खंभों की छतरी और राजकीय संग्रहालय में भी बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंचे। नागर सागर कुंड पर तीन घंटे चला सफाई अभियान सेवा पखवाड़े के तहत आयोजित स्वच्छता अभियान की शुरुआत नगर परिषद सभापति भरत शर्मा ने श्रमदान कर की। उन्होंने रामेष्ट युवा संस्थान के सदस्यों, बच्चों और कर्मचारियों के साथ मिलकर नागर सागर कुंड के दोनों कुंडों की सफाई की। तीन घंटे तक चले अभियान में कुंडों से प्लास्टिक, फूल-मालाएं और अन्य कचरा निकाला गया। सभापति भरत शर्मा ने कहा कि ऐतिहासिक धरोहरों को संवारना और उनकी स्वच्छता बनाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है। आने वाले समय में शहर के सभी पर्यटन स्थलों पर स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। सुखमहल में कच्छी घोड़ी नृत्य ने बांधा समां विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर सुखमहल में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें करवर के लोक कलाकारों ने पारंपरिक कच्छी घोड़ी नृत्य की प्रस्तुति देकर दर्शकों का मनोरंजन किया। लोकनृत्य के माध्यम से राजस्थान की सांस्कृतिक विरासत की झलक देखने को मिली। प्रश्नोत्तरी में विद्यार्थियों ने जानी ऐतिहासिक विरासत इंटेक के संयोजक राजकुमार दाधीच ने विद्यार्थियों के लिए प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता आयोजित की। इसमें बूंदी के कुंडों, बावड़ियों और चित्रशाला के इतिहास से जुड़े सवाल पूछे गए। प्रतियोगिता में विजेता रहे विद्यार्थियों को पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने पुरस्कार देकर सम्मानित किया। संग्रहालय में मूर्तियों और रॉक पेंटिंग की जानकारी कार्यक्रम के तहत संग्रहालय सहायक जगदीश वर्मा ने विद्यार्थियों को राजकीय संग्रहालय का भ्रमण कराया। उन्होंने संग्रहालय में रखी मूर्तियों और कलाकृतियों के बारे में जानकारी दी। वहीं, ओमप्रकाश शर्मा ने विद्यार्थियों को रॉक पेंटिंग की विशेषताओं से अवगत कराया। कार्यक्रम में नंदप्रकाश शर्मा, युवराज सिंह, केसी वर्मा, राजेंद्र भारद्वाज सहित कई गणमान्यजन मौजूद रहे। पर्यटन स्थलों पर उमड़े पर्यटक विश्व पर्यटन दिवस पर बूंदी के ऐतिहासिक और पुरातात्विक स्थलों पर पर्यटकों की आवाजाही रही। पुरातत्व विभाग के अधीन आने वाले रानीजी की बावड़ी, सुखमहल, 84 खंभों की छतरी और राजकीय संग्रहालय को देखने के लिए बड़ी संख्या में स्थानीय और बाहरी पर्यटक पहुंचे।