डूंगरपुर मेडिकल कॉलेज के हरिदेव जोशी हॉस्पिटल के सीनियर डॉक्टर राजेश रोत की रोड एक्सीडेंट में मौत हो गई। डॉ रोत सर्जरी डिपार्टमेंट के हेड थे। एक्सीडेंट रविवार (11 अक्टूबर) सुबह 3 बजे जिले के जेठाना में नेशनल हाईवे 927-ए पर हुआ। पुलिस के अनुसार रोत की क्रेटा कार आगे चल रही गाड़ी से भिड़ गई थी। कार का अगला हिस्सा चूकनाचूर होने से रोत अंदर ही फंस गए थे। उन्हें बड़ी मुश्किल से गंभीर हालत में बाहर निकाला गया था। सागवाड़ा हॉस्पिटल में इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। सबसे पहले देखिए- हादसे से जुड़ी PHOTOS पत्नी-बच्चों से मिलने जा रहे थे डॉ. राजेश रोत जिले के वरदा थाना क्षेत्र के नौकना गांव के रहने वाले थे। उनके पिता किसान हैं। रोत के बड़े भाई भगवतीलाल ने बताया कि डॉ. राजेश शनिवार रात करीब 11 बजे डूंगरपुर से बांसवाड़ा जाने के लिए निकले थे। वे पत्नी और बच्चों के पास जा रहे थे। आडीवाट पेट्रोल पंप के पास उनसे आगे चल रही गाड़ी ने अचानक ब्रेक लगाए, जिससे डॉ. रोत की कार उसमें घुस गई। पत्नी भी डूंगरपुर मेडिकल कॉलेज में ही है डॉक्टर डूंगरपुर मेडिकल कॉलेज शुरू होने के साथ ही डॉ. राजेश रोत और उनकी पत्नी डॉ. ममता डामोर यहां पोस्टेड थे। उनकी पत्नी डॉ. ममता का पिछले दिनों ही बांसवाड़ा में ट्रांसफर हो गया था। वो एनेस्थीसिया डिपार्टमेंट हैं। परिवार ने बताया ममता और बच्चे बांसवाड़ा में ही रहते हैं। इसलिए डॉक्टर राजेश वहां आते-जाते रहते थे। …. डॉक्टर्स की मौत से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… ट्रेलर से भिड़ी कार, डॉक्टर पति-पत्नी और 2-बच्चों की मौत:गाड़ी के परखच्चे उड़े, आरोपी ड्राइवर मौके से फरार बारां में भी 20 दिन पहले हुए एक्सीडेंट में कार सवार डॉक्टर पति-पत्नी और उनके 2 बच्चों की मौत हो गई थी। डॉक्टर सुरेश गजराज (38) भीलवाड़ा के मांडलगढ़ उपजिला हॉस्पिटल के प्रमुख चिकित्सा अधिकारी (PMO) थे। पूरी खबर पढ़िए…