उदयपुर जिले की नगर पालिकाओं में चेयरमैन के चुनाव में आज भींडर, कानोड़ में कांग्रेस का, मावली और वल्लभनगर में भाजपा का तो फतहनगर-सनवाड़ में निर्दलीय चेयरमैन निर्वाचित हुए। फतहनगर-सनवाड़ नगरपालिका में आज (सोमवार) वोटिंग के दौरान पुलिस ने भाजपा के पूर्व चेयरमैन और बागी पार्षद राजेश चपलोत और पार्षद बाबूलाल चोपड़ा को हिरासत में ले लिया। इसके बाद माहौल गरमा गया। इधर, चपलोत को पुलिस ने एक मामले में गिरफ्तार किया और बाद में पुलिस फतहनगर से उदयपुर के अंबामाता थाने में लेकर आए। अंबामाता में चपलोत के परिवारजन और मावली के कई कांग्रेस नेता भी पहुंचे और आक्रोश जताया। कांग्रेस नेता और मावली के प्रधान नरेंद्र चंडालिया ने कहा कि चपलोत को सवेरे लेकर गए और उसके बाद पुलिस ने कुछ बताया नहीं और हम अपने स्तर पर यहां पता करके आए। चंडालिया ने कहा कि चुनाव के इस समय इस तरह चपलोत को परेशान किया जा रहा है जो बिल्कुल गलत है। चपलोत के बेटे ने कहा कि उनको आईओ ने एफआईआर की सत्यापित कॉपी देने से मना कर दिया और साथ के साथ पिता के फोन भी नहीं दे रहे है। उन्होंने बताया कि एफआईआर में लिखा गया कि 14 सितंबर 2026 को राजेश चपलोत घर आकर धमकी देकर गए जबकि उस दिन चपलोत चुनाव रिजल्ट के माहौल में थे। इससे पहले सुबह फतहनगर में ममता चपलोत के पति को पुलिस हिरासत में लिए जाने के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने हंगामा किया। मावली विधायक पुष्करलाल डांगी, ब्लॉक अध्यक्ष महेन्द्र सिंह सहित सभी कांग्रेस पार्षद विरोध पर उतर आए और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। कांग्रेस के विरोध करने की असली वजह दोनों बीजेपी पार्षद के हिरासत में लेने पर कांग्रेस विरोध के पीछे असली कारण ये है कि फतहनगर-सनवाड़ नगर पालिका में चेयरमैन पद अनारक्षित महिला के लिए रिजर्व है। यहां 25 में से भाजपा के 13 और कांग्रेस के 12 पार्षद जीते हैं। सुबह जब बीजेपी पार्षद राजेश चपलोत ने अपनी पत्नी ममता चपलोत को निर्दलीय चेयरमैन के लिए मैदान में उतारा तो माहौल सियासी हो गया था। ममता चपलोत कांग्रेस के समर्थन से यहां चेयरमैन बनीं है। जबकि बीजेपी 13 सीट के साथ बहुमत में जीतकर आई थी। बाकी पार्षद के मकान और होटल को अवैध बताते हुए नोटिस दिया था इससे पहले बागी पार्षद राजेश चपलोत द्वारा अपनी पत्नी को निर्दलीय चेयरमैन के लिए मैदान में उतारने पर 2 दिन पहले उनके उदयपुर के मकान को अवैध बताते हुए यूडीए ने नोटिस दिया था। साथ ही फतहनगर में उनकी होटल देवीलीला पैलेस को भी अवैध निर्माण बातते हुए नोटिस जारी कर जबाव मांगा था। जिसके बाद चपलोत के परिजनों ने इसे मानसिक रूप से परेशान करने वाली कार्रवाई बताया था। कांग्रेस लिखमावत बने भीण्डर नगर पालिका चेयरमैन उदयपुर की भीण्डर नगर पालिका में कांग्रेस के सुंदरलाल लिखमावत 3 वोट से जीतकर चेयरमैन बन गए। लिखमावत को 14 और भाजपा की मीना सामरिया को 11 वोट मिले थे। बता दें कि भीण्डर में कुल 25 सीट में से 13 पर कांग्रेस और 12 सीट पर भाजपा जीतकर आई थी। सोवनी बाई भील बनी वल्लभनगर की पहली महिला चेयरमैन उदयपुर की नगर पालिका वल्लभनगर में सोवनी बाई भील पहली महिला चेयरमैन चुनी गईं। भाजपा के नवनिर्वाचित 16 पार्षदों ने उनके पक्ष में मतदान किया। वहीं कांग्रेस से रामीबाई भील के पक्ष में 4 वोट पड़े। वल्लभनगर में कुल 20 सीट हैं। जिसमें 16 पर भाजपा और 4 पर कांग्रेस ने जीत दर्ज की थी। चुनाव प्रक्रिया वल्लभनगर उपखंड अधिकारी रमेश चंद्र वढ़ेरा की देखरेख में हुई। कानोड़ पालिका में 29 वर्षीय युवा को चेयरमैन की कमान उदयपुर की कानोड़ नगर पालिका में कांग्रेस का बोर्ड बन गया। यहां 29 वर्षीय युवा रौनक स्वर्णकार को चेयरमैन चुना गया है। कांग्रेस को यहां 14 और भाजपा को 6 वोट मिले हैं। भाजपा ने यहां हाइब्रिड फार्मूला अपनाते हुए शिव कुमार सोनी को चेयरमैन पद के लिए नामांकन कराया था। बता दें कि कानोड़ में कुल 20 सीट में कांग्रेस की 14 और बीजेपी की 6 सीट हैं। 10-10 से वोट से बीजेपी-कांग्रेस बराबर रहे तो पर्ची से चुना मावली का चेयरमैन उदयपुर में मावली नगरपालिका में भाजपा के राकेश मीणा चेयरमैन बन गए। यहां वोटिंग का मुकाबला बेहद रोचक रहा। क्योंकि भाजपा से राकेश मीणा और कांग्रेस से पुष्पा कुमारी को 10-10 वोट मिले। मुकाबला बराबर रहने पर पर्ची निकालकर चेयरमैन का चुनाव किया गया। जिसमें भाजपा के नाम पर की पर्ची खुली और जिला प्रशासन की तरफ राकेश मीणा को चेयमरैन घोषित किया गया। बता दें, यहां कुल 20 सीट में से 9 पर भाजपा और 10 पर कांग्रेस जीती थी और 1 निर्दलीय को जीत मिली थी। इनपुट: ओम पुरोहित, (फतहनगर-मावली), अभिषेक श्रीमाली, (कानोड-भींडर)