हनुमानगढ़ जिले में नशा तस्करों की आर्थिक कमर तोड़ने के लिए चलाए जा रहे 'ऑपरेशन चक्रव्यूह' के तहत पुलिस ने सोमवार को बड़ी कार्रवाई की। टिब्बी थाना क्षेत्र के गांव गुड़िया में नशा तस्करी से अर्जित करीब 70 लाख रुपए कीमत के रिहायशी मकान को एनडीपीएस एक्ट की धारा 68एफ के तहत फ्रीज किया गया। पुलिस के अनुसार, मकान गांव गुड़िया के वार्ड नंबर 5 निवासी राजकुमार उर्फ राजू (38) पुत्र दर्शन सिंह का है। आरोपी के खिलाफ पहले से 11 मामले दर्ज हैं, जिनमें छह एनडीपीएस एक्ट के मामले शामिल हैं। नशे के कारोबार से संपत्ति अर्जित करने का आरोप जिला पुलिस अधीक्षक बी आदित्य ने बताया कि जिले में मादक पदार्थों की तस्करी रोकने, तस्करों पर कार्रवाई करने और उनसे जुड़े अपराधियों को पकड़ने के लिए 'ऑपरेशन चक्रव्यूह' चलाया जा रहा है। अभियान के तहत नशे के कारोबार से अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों को चिन्हित कर एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों के तहत फ्रीज और जब्त करने की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के अनुसार, राजकुमार उर्फ राजू एक बड़ा नशा तस्कर है। जांच के दौरान सामने आया कि उसके पास नशा तस्करी के अलावा आय का कोई वैध जरिया नहीं था। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने नशे के कारोबार से कमाए पैसों से गांव गुड़िया में यह रिहायशी मकान बनवाया था। मकान की अनुमानित कीमत करीब 70 लाख रुपए बताई गई है। 7.06 ग्राम हेरोइन के साथ पकड़ा गया था राजू पुलिस के अनुसार, 2 जून 2025 को टिब्बी थाना के तत्कालीन प्रभारी हंसराज ने गश्त के दौरान रोही गुड़िया क्षेत्र से राजकुमार उर्फ राजू को 7.06 ग्राम हेरोइन के साथ गिरफ्तार किया था। इस संबंध में टिब्बी थाने में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था। मामले की जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने आरोपी की संपत्तियों और आय के स्रोत की जानकारी जुटाई। इसी दौरान पुलिस के अनुसार सामने आया कि आरोपी के पास आय का कोई वैध स्रोत नहीं था और मकान नशे के कारोबार से अर्जित रकम से बनाया गया था। थाना टीम ने की कार्रवाई यह कार्रवाई अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक हनुमानगढ़ अरविंद बिश्नोई के पर्यवेक्षण और संगरिया वृताधिकारी शंकर लाल छाबा के नेतृत्व में की गई। टिब्बी थाना प्रभारी राकेश सांखला और उनकी टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया। गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रहेगा अभियान पुलिस अधीक्षक बी आदित्य ने कहा कि नशा तस्करों के खिलाफ कार्रवाई केवल गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रहेगी। नशे के कारोबार से अवैध रूप से अर्जित संपत्तियों को चिन्हित कर एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों के तहत फ्रीज और जब्त करने की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। पुलिस के अनुसार, इस रणनीति का उद्देश्य नशा तस्करों की आर्थिक कमर तोड़ना और अवैध कारोबार से अर्जित संपत्तियों पर कार्रवाई करना है।