झालावाड़ शहर में पिछले दो दिनों से प्रभावित पेयजल सप्लाई की समस्या आज शाम तक पूरी तरह दूर होने की उम्मीद है। पीएचईडी के कर्मचारी और इंजीनियर लगातार मरम्मत में जुटे हुए हैं। विभाग के अनुसार कल से शहर में नियमित रूप से जरूरत के मुताबिक पानी की सप्लाई शुरू हो जाएगी। राड़ी के बालाजी इलाके में एक दिन पूरी तरह पानी की सप्लाई बंद रही थी। कालीसिंध में तेज बहाव से मोटर हुई खराब पीएचईडी के अनुसार कालीसिंध नदी के 6 गेट खोले जाने के बाद तेज पानी के बहाव में एक पेड़ बहकर पीपाजी देह पर पानी के अंदर लगी मोटर से टकरा गया। इससे मोटर में तकनीकी खराबी आ गई। इसका असर झालावाड़ शहर की पेयजल व्यवस्था पर पड़ा और पिछले दो दिनों से कुछ इलाकों में पानी की सप्लाई प्रभावित रही। अतिरिक्त पंप लगाकर संभाली व्यवस्था मोटर में खराबी आने के बाद पीएचईडी ने वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर अतिरिक्त पंप सेट लगाकर पानी उपलब्ध कराने की कोशिश की। हालांकि, इससे शहर की जरूरत के मुताबिक पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा था। फिलहाल छापी की लाइन से अतिरिक्त 50 लाख मिलीलीटर पानी उपलब्ध कराया जा रहा है। रात ढाई बजे तक चला मरम्मत का काम व्यवस्था को जल्द सामान्य करने के लिए पीएचईडी के करीब डेढ़ दर्जन कर्मचारी और इंजीनियर कल रात ढाई बजे तक मरम्मत के काम में लगे रहे। अभी एक और पंप की सर्विस का काम चल रहा है। इसके पूरा होने के बाद पीपाजी देह की व्यवस्था पूरी क्षमता से काम करने लगेगी और शहर को जरूरत के मुताबिक पानी मिल सकेगा। रोजाना करीब 60 लाख मिलीलीटर पानी की जरूरत झालावाड़ शहर में रोजाना करीब 60 लाख मिलीलीटर पानी की सप्लाई की जाती है। शहर में पेयजल की व्यवस्था छापी और पीपाजी देह से की जाती है। फिलहाल अतिरिक्त व्यवस्था के तहत छापी की लाइन से 50 लाख मिलीलीटर पानी उपलब्ध कराया जा रहा है। अधिकारियों की निगरानी में चल रहा काम पीएचईडी के एक्सईएन अमर सिंह मीणा ने बताया कि एईएन सोनू बलवानी की देखरेख में पीपाजी देह पर सिस्टम को ठीक किया जा रहा है। विभाग के कर्मचारी दिन-रात काम कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि आज शाम तक समस्या का पूरी तरह समाधान हो जाएगा और कल से नियमित जल सप्लाई हो सकेगी।