झुंझुनूं शहर में सात साल पहले दिनदहाड़े न्यू प्रकाश ज्वैलर्स पर हुई डकैती, लूट और ज्वैलर जतिन सोनी की हत्या के चर्चित मामले में कोर्ट ने बुधवार को फैसला दिया। जिले की अपर सेशन कोर्ट संख्या-2 के जज कालूराम ने फैसले में पांच आरोपियों को दोषी मानकर उम्र कैद की सजा सुनाई है, जबकि एक आरोपी प्रमोद कुमार उर्फ धोलिया को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया है। वारदात के दौरान आरोपी ने अपना आईडी कार्ड ज्वेलर को थमाकर चैलेंज दिया था कि दम है तो उसे पकड़ कर दिखाए। वारदात के करीब 5 महीने बाद आरोपी को पकड़ा जा सका था। आज कोर्ट ने आरोपी दीपक पहल, योगेश कुमार और विनोद कुमार को उम्र कैद की सजा सुनाई। साथ ही प्रत्येक पर 1,26,000 रुपए का जुर्माना लगाया है। जबकि अंकित कुमार उर्फ मीठू और प्रताप सिंह को भी उम्र कैद की सजा दी गई है। साथ ही दोनों में से प्रत्येक पर 1,32,000 रुपए का जुर्माना लगाया है। कोर्ट ने आदेश दिया कि सभी दोषियों की मूल सजाएं साथ-साथ चलेंगी। आरोपियों द्वारा पुलिस व न्यायिक अभिरक्षा में बिताई गई अवधि को नियमानुसार सजा में समायोजित किया जाएगा। लूट की वारदात 15 सितंबर 2019 को हुई थी। योगेश चारणवासी ने अजमेर जेल में ‘जेल में ब्रांडेड कफन’ नाम से किताब भी लिखी हैं, जो इसी साल 2026 में ऑनलाइन किताब हुई। पहले देखिए- वारदात से जुड़ी 4 तस्वीरें अब सिलसिलेवार पढ़िए- पूरा घटनाक्रम उम्रकैद के दोषी ने जेल में लिखी ‘जेल में ब्रांडेड कफन’ किताब दोषी योगेश चारणवासी ने अजमेर हाई सिक्योरिटी जेल में रहते हुए ‘जेल में ब्रांडेड कफन’ नाम की किताब लिखी, जो जनवरी 2026 में ऑनलाइन प्रकाशित हुई। योगेश के अनुसार उसने एकांत सेल में रहते हुए डायरी लिखना शुरू किया था, बाद में इसी सामग्री को किताब का रूप दिया। किताब में जेल के अंदर बंदियों की जिंदगी, प्रभावशाली कैदियों के कथित दबदबे, ब्रांडेड कपड़े-जूतों की पहुंच, मोबाइल फोन के कथित इस्तेमाल और जेल से बाहर आपराधिक नेटवर्क संचालित किए जाने जैसे गंभीर दावे किए गए हैं। इसमें 2021 में अजमेर जेल में बंद लॉरेंस बिश्नोई और उससे जुड़े घटनाक्रम का भी उल्लेख है। योगेश ने राजस्थान के साथ हरियाणा और उत्तर प्रदेश की जेलों में अपने अनुभवों को भी किताब में शामिल करने की बात कही हैं। ये खबर भी पढ़िए… गैंगस्टर-लॉरेंस से मिलने के लिए 20-दिन भूखे रहे थे कैदी:हाई सिक्योरिटी जेल में ब्रांडेड कपड़े पहनते हैं खूंखार क्रिमिनल, गर्लफ्रेंड से भी बात करते हैं 'जेल में ब्रांडेड कफन'...इस किताब को लिखने वाला न कोई लेखक है, न वकील। केवल 8वीं पास है और वर्तमान में अजमेर हाई सिक्सोरिटी जेल का कैदी है। नाम है– योगेश चारणवासी, जो मलसीसर, झुंझुनूं का रहने वाला है। पूरी खबर पढ़िए