करौली नगरपरिषद में पार्षदों की बाड़ेबंदी के बीच एक नया मोड़ आया है। नवनिर्वाचित कांग्रेस पार्षद उस्मान खान के कथित किडनैप और बंधक बनाने को लेकर FIR दर्ज हुई थी। अब पार्षद उस्मान खान ने खुद वीडियो जारी कर इन आरोपों को गलत बताया है। उन्होंने कहा कि वह अपनी मर्जी से वापस आए हैं और कांग्रेस के साथ हैं। यह FIR पार्षद उस्मान खान के भाई ने दर्ज कराई थी। इसमें पूर्व विधायक लाखन सिंह कटारिया, अमीनुद्दीन खान और वीर सिंह मीणा गढ़ी समेत कुछ अन्य लोगों पर आरोप लगाए गए थे। कोतवाली थाना अधिकारी विनोद सांवरिया ने बताया कि FIR दर्ज होने के बाद पार्षद उस्मान खान को ढूंढ लिया गया है। मामले में कानूनी कार्रवाई चल रही है। किडनैप और बंधक बनाने की शिकायत को गलत बताया पार्षद उस्मान खान ने वीडियो में कहा कि वह वार्ड 21 से चुने गए पार्षद हैं। उन्होंने अपने किडनैप और बंधक बनाने की शिकायत को गलत बताया। पार्षद ने साफ किया कि वह किसी के दबाव में नहीं हैं। वह कांग्रेस के प्रत्याशी हैं और आगे भी कांग्रेस के साथ ही रहेंगे। उस्मान खान ने यह भी कहा कि वह अपनी मर्जी से लौटे हैं। उन्होंने खाली स्टांप और चेक पर दस्तखत कराने के आरोप से भी इनकार किया। एक तरफ अपहरण और बंधक बनाने के आरोप हैं, तो दूसरी तरफ पार्षद खुद इन आरोपों को गलत बता रहे हैं। पुलिस की जांच के बाद ही पूरे मामले की सच्चाई सामने आएगी।