किशनगढ़बास के गांव गंज में रामलीला चल रही है। शनिवार को रामलीला में धनुष यज्ञ की लीला का मंचन किया गया। आज रात को राम विवाह की लीला का मंचन किया जाएगा। शनिवार को रामलीला में उद्योगपति एवं कांग्रेस नेता रामनारायण चौधरी मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि रामनारायण चौधरी ने भगवान श्रीराम की आरती एवं पूजा-अर्चना के साथ की। इस दौरान उन्होंने रामलीला कलाकारों का उत्साहवर्धन करते हुए आयोजन की सराहना की। रामलीला कमेटी की ओर से चौधरी को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। 1952 से जारी है रामलीला की परंपरा गांव गंज में श्री कृष्ण कीर्तन कला मंच के कलाकारों द्वारा रामलीला का मंचन किया जा रहा है। आयोजकों के अनुसार गांव में रामलीला मंचन की परंपरा वर्ष 1952 से लगातार चली आ रही है। सात दशक से अधिक समय से चली आ रही इस धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपरा से ग्रामीणों की गहरी आस्था जुड़ी हुई है। रामलीला देखने के लिए गंज गांव के अलावा आसपास के गांवों और दूर-दराज के क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में दर्शक पहुंचते हैं। राम के आदर्शों को जीवन में अपनाने का संदेश रामनारायण चौधरी ने कहा कि रामलीला केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं है, बल्कि यह समाज को संस्कार और जीवन जीने की सीख देने वाला सशक्त मंच है। भगवान श्रीराम के जीवन और रामलीला के विभिन्न पात्रों के माध्यम से सत्य, मर्यादा, त्याग, कर्तव्य और धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने ग्रामीणों से भगवान श्रीराम के आदर्शों को जीवन में अपनाने तथा समाज में आपसी भाईचारा, प्रेम और सद्भाव बनाए रखने का आह्वान किया। इन कलाकारों ने निभाई प्रमुख भूमिकाएं राम की भूमिका संजू सैनी, लक्ष्मण की देव यादव, हनुमानजी की अंकुर शर्मा, सीता की मोहित, रावण की गिर्राज शर्मा, भरत की चन्दन तथा शत्रुघ्न की भूमिका गजेन्द्र सैनी ने निभाई। शनिवार रात धनुष यज्ञ की लीला का मंचन किया गया। रविवार रात राम विवाह की लीला का मंचन होगा। कार्यक्रम के दौरान रामलीला कमेटी के पदाधिकारी, कलाकार और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।