कांग्रेस के 67 विधायकों में से 32 विधायकों के विधानसभा क्षेत्र और वार्ड में पार्टी हार गई या बुरी तरह पिछड़ गई। 3 विधायक तो ऐसे हैं, जिनके इलाके में निर्दलीयों ने कांग्रेस को बुरी तरह हरा दिया। करीब आधे विधायकों और 50 से अधिक बड़े नेताओं या पूर्व मंत्री, विधायक, सांसदों के इलाकों में पार्टी के पिछडऩे को गंभीरता से लिया है। पार्टी आलाकमान दिल्ली ने इस पर मंथन शुरू किया है। जल्द प्रदेश टीम से रिपोर्ट मंगवाई जाएगी। कांग्रेस में जेन जी को टिकट कम दिए जाने और कई इलाकों में जीती बाजी हारने को लेकर कुछ नेता मंगलवार को दिल्ली में पार्टी राष्ट्रीय महासचिव और टीम से मिले। बताया जा रहा है कि 32 विधायकों और करीब 50 नेताओं के आगामी 2028 के विधानसभा चुनाव टिकट और लोकसभा चुनाव लड़ने पर असर पड़ेगा। पार्टी उनकी पार्टी के प्रतिनिष्ठा, सक्रियता और कार्यकर्ताओं को प्रोत्साहन व संबल देने की फिर से सर्वे रिपोर्ट तैयार करवाएगी। इन दिग्गजों के इलाकों में कांग्रेस कमजोर पूर्व मंत्री हरीश चौधरी के इलाके धोरीमन्ना, अर्जुन बामनिया के बांसवाड़ा, डूंगरपुर के गणेश घोघरा, किशनगढ़ के विधायक विकास चौधरी, बूंदी के हरिमोहन शर्मा, चौमूं की शिखा मील बराला, सुजानगढ़ के मनोज मेघवाल, श्रीकरणपुर के रुपिंदर सिंह कुन्नर, परबतसर के रामनिवास गावड़िया, किशनपोल के अमीन कागजी, आदर्शनगर के रफीक खान, पूर्व मंत्री रामलाल जाट के भीलवाड़ा में कांग्रेस की हार हुई है। बामनवास की विधायक इंदिरा मीणा, संगरिया विधायक अभिमन्यु पूनिया, सूरतगढ़ विधायक डूंगरराम गेदर, बसेड़ी विधायक संजय जाटव, मकराना विधायक जाकिर गेसावत, लाडनूं विधायक मुकेश भाकर, सरदारशहर विधायक अनिल शर्मा, अंता विधायक प्रमोद जैन भाया, दातारामगढ़ विधायक वीरेंद्र चौधरी, नागौर के हरेंद्र मिर्धा, टोडाभीम के विधायक घनश्याम मेहर, सूरजगढ़ विधायक श्रवण कुमार, शाहपुरा विधायक मनीष यादव, मनोहरपुर व बस्सी विधायक लक्ष्मण मीणा के इलाकों में ज्यादातर जगह कांग्रेस पिछड़ गई है। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली के अलवर में भी पार्टी पीछे रही। अशोक गहलोत के जोधपुर के कई वार्डों में कांग्रेस हार गई। पायलट, पारीक, हाकम और डोटासरा के खाते में बंपर जीत
कांग्रेस की बंपर जीत 9-10 विधायकों और 15 दिग्गजों के इलाकों में देखने को मिली। बीकानेर में पूर्व मंत्री बीडी कल्ला, पाली में विधायक भीमराज भाटी, अजमेर में धर्मेंद्र राठौड़, पोकरण में सालेह मोहम्मद, सीकर में राजेंद्र पारीक, टोंक में सचिन पायलट, लक्ष्मणगढ़ में गोविंद सिंह डोटासरा, नीमकाथाना में सुरेश मोदी, फतेहपुर में हाकम अली, राजाखेड़ा में रोहित बोहरा, हिंडौली में अशोक चांदना, नोहर में अमित चाचान और दौसा में डीसी बैरवा के इलाकों में बड़ी जीत मिली। संगठन प्रदेश अध्यक्ष व जाटव के इलाकों में निर्दलीय भारी: यूथ कांग्रेस की कमान संभालने वाले विधायक अभिमन्यु पूनिया के संगरिया नगरपालिका के 35 वार्डों में से कांग्रेस को 8 सीटें मिली। 25 निर्दलीय जीते। अनीता जाटव के हिंडौन नगर परिषद में कांग्रेस को 9 सीटें व 39 निर्दलीय जीते।