चित्तौड़गढ़ नगर परिषद चुनाव की मतगणना सोमवार सुबह 8 बजे से शुरू हो जाएगी। पांच दिन पहले ईवीएम में बंद हुए 151 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला अब मतगणना के साथ होगा। हर राउंड के साथ तस्वीर बदलती जाएगी और किस दल को बढ़त मिल रही है, इस पर सबकी नजर रहेगी। सुबह करीब 10 बजे तक नगर परिषद के बोर्ड की तस्वीर काफी हद तक साफ होने की संभावना है। जबकि दोपहर तक सभी 60 वार्डों के परिणाम सामने आ जाएंगे। शहर में सबसे ज्यादा चर्चा वार्ड नंबर 2, 4, 6, 7, 11, 12, 14, 15, 17, 18, 20, 22, 25, 28, 29, 30, 31, 36, 45, 53 और 59 को लेकर है। इन वार्डों में मुकाबले को लेकर मतदान के दिन से ही अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं और अब सबकी नजर सिर्फ मतगणना पर टिकी है। हर टेबल पर रहेगी नजर मतगणना से पहले ही भाजपा और कांग्रेस ने अपनी पूरी रणनीति तैयार कर ली है। दोनों दलों ने 60-60 वार्डों के लिए अपने काउंटिंग एजेंट नियुक्त कर दिए हैं और सभी के पास भी जारी हो चुके हैं। भाजपा ने अपने सभी एजेंटों को सोमवार सुबह 6 बजे पार्टी कार्यालय पहुंचने के निर्देश दिए हैं। वहां से सभी एक साथ मतगणना केंद्र जाएंगे ताकि कोई एजेंट देर से नहीं पहुंचे। कांग्रेस ने भी इसी तरह सभी वार्डों के लिए एजेंट तय कर दिए हैं। दोनों दलों का पूरा फोकस हर टेबल और हर राउंड की गिनती पर रहेगा। जैसे-जैसे परिणाम सामने आएंगे, पार्टी कार्यालयों पर भी नेताओं और समर्थकों की भीड़ बढ़ती जाएगी। इस बार कई वार्डों में जीत-हार का अंतर बहुत कम रहने की संभावना जताई जा रही है, इसलिए हर वोट पर नजर रहेगी। 14 टेबल पर चलेगी गिनती नगर परिषद के सभी 60 वार्डों की मतगणना शहीद मेजर नटवरसिंह शक्तावत राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के कक्ष संख्या-45 में होगी। पूरे शहर की मतगणना एक ही कक्ष में कराने की व्यवस्था की गई है। इसके लिए 14 टेबल लगाई गई हैं। मतगणना सुबह 8 बजे शुरू होगी और इसे 8 राउंड में पूरा किया जाएगा। शुरुआती राउंड में 14-14 वार्डों की गिनती होगी। हर टेबल पर दो कर्मचारी तैनात रहेंगे। कुल 16 पर्यवेक्षक, 16 सहायक पर्यवेक्षक, एक रिटर्निंग अधिकारी, 75 आरओ स्टाफ और सामान्य व्यवस्था के लिए 20 कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। प्रशासन का अनुमान है कि शुरुआती औपचारिकताओं और बीच में होने वाले छोटे ब्रेक को मिलाकर दोपहर करीब 12 बजे तक सभी 60 वार्डों के परिणाम घोषित हो जाएंगे। डाक मतपत्र नहीं होने से तेजी से आएंगे नतीजे नगर निकाय चुनाव में डाक मतपत्र का प्रावधान नहीं होने से मतगणना प्रक्रिया अपेक्षाकृत तेज रहेगी। सभी टेबलों पर सीधे ईवीएम खोली जाएगी। जिन वार्डों में दो मतदान केंद्र रहे हैं, वहां दोनों मशीनों को एक साथ खोलकर उसी राउंड में उस वार्ड का परिणाम घोषित कर दिया जाएगा। यही वजह है कि इस बार शुरुआती दो-तीन राउंड के बाद ही राजनीतिक दल अपने-अपने आंकड़े जोड़ना शुरू कर देंगे। माना जा रहा है कि सुबह 10 बजे तक यह साफ हो जाएगा कि नगर परिषद में किस दल का पलड़ा भारी है और किस ओर बोर्ड बनने की संभावना बढ़ रही है। चौबीसों घंटे रही निगरानी शहर के 60 वार्डों में कुल 102 मतदान केंद्र बनाए गए थे। मतदान समाप्त होने के बाद सभी ईवीएम शहीद मेजर नटवरसिंह स्कूल में बनाए गए स्ट्रॉंग रूम में जमा कराई गई थीं। तब से लेकर मतगणना तक वहां चौबीसों घंटे सशस्त्र जवान तैनात रहे। पूरे परिसर की निगरानी सीसीटीवी कैमरों से की गई। सुरक्षा व्यवस्था के साथ किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए जरूरी संसाधन भी उपलब्ध रखे गए। मतगणना शुरू होने तक ईवीएम पूरी सुरक्षा के बीच स्ट्रांग रूम में सुरक्षित रहेंगी। सुबह 6 बजे से एंट्री, दो जगह होगी जांच उपखंड अधिकारी दिलीप सिंह ने बताया- मतगणना केंद्र पर सुबह 6 बजे से सिर्फ अधिकृत पास धारकों को ही प्रवेश दिया जाएगा। प्रत्याशी, उनके निर्वाचन अभिकर्ता, काउंटिंग एजेंट, अधिकृत अधिकारी-कर्मचारी और मीडिया प्रतिनिधियों के लिए पहले ही पास जारी किए जा चुके हैं। मतगणना केंद्र में प्रवेश इंदिरा गांधी स्टेडियम की ओर स्थित गेट से होगा। यहां सबसे पहले पास की जांच की जाएगी। इसके बाद मतगणना कक्ष में प्रवेश से पहले दूसरी बार जांच होगी। किसी भी प्रत्याशी, एजेंट, निर्वाचन अभिकर्ता या अन्य पासधारी व्यक्ति को मोबाइल फोन अंदर ले जाने की अनुमति नहीं होगी। प्रशासन का कहना है कि पूरी प्रक्रिया तय नियमों के अनुसार और पूरी पारदर्शिता के साथ कराई जाएगी। जिले के सातों निकायों के नतीजे आएंगे नगर निकाय चुनाव दो चरणों में हुए थे। चित्तौड़गढ़, बेगूं और रावतभाटा में 9 सितंबर को मतदान हुआ था, जबकि निंबाहेड़ा, कपासन, बड़ीसादड़ी और आकोला में 11 सितंबर को वोट डाले गए थे। अब सोमवार को जिले के सातों निकायों की मतगणना उनके-अपने मुख्यालयों पर एक साथ होगी। चित्तौड़गढ़ में तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. मंजू चौधरी, उप जिला निर्वाचन अधिकारी दिनेश धाकड़ और रिटर्निंग अधिकारी राजलक्ष्मी गहलोत ने अधिकारियों के साथ बैठक कर सभी व्यवस्थाओं की समीक्षा की है। इन वार्डों पर सबसे ज्यादा नजर मतगणना के दौरान कई वार्ड ऐसे हैं, जिन पर पूरे शहर की नजर रहेगी। इनमें वार्ड नंबर 2, 4, 6, 7, 11, 12, 14, 15, 17, 18, 20, 22, 25, 28, 29, 30, 31, 36, 45, 53 और 59 शामिल हैं। इन वार्डों में चुनाव प्रचार से लेकर मतदान तक मुकाबला बेहद रोचक रहा। कई जगह बगावत, निर्दलीय उम्मीदवार और सीधे मुकाबले ने चुनाव को दिलचस्प बनाया। वहीं कई वार्डों में दिग्गज आमने सामने होंगे। अब यह देखना होगा कि मतदाताओं ने किसके पक्ष में फैसला दिया है और कौन से वार्ड पूरे नगर परिषद के राजनीतिक समीकरण बदलने का काम करेंगे।