पुष्कर विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत घूघरा में मतदान केंद्र बदलने को लेकर ग्रामीणों में आक्रोश है। शुक्रवार को ग्रामीण कलेक्ट्रेट पहुंचे और प्रदर्शन कर प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। ग्रामीणों ने जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर मतदान केंद्र को राजकीय विद्यालय घूघरा में ही रखने की मांग की। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि मांग नहीं मानी गई तो गांव के लोग चुनाव में मतदान का बहिष्कार करेंगे। राजनीतिक दबाव में बूथ बदलने का आरोप पूर्व जिला परिषद सदस्य श्रीलाल तंवर ने बताया कि वर्षों से घूघरा गांव का मुख्य मतदान केंद्र राजकीय विद्यालय में संचालित होता रहा है। कोरोना काल में कॉलोनियों के लिए अलग मतदान केंद्रों की व्यवस्था की गई थी, जिस पर ग्रामीणों को आपत्ति नहीं थी, लेकिन हाल ही में जारी मतदान केंद्रों की सूची में मुख्य बूथ को राजकीय विधि महाविद्यालय (लॉ कॉलेज) में स्थानांतरित कर दिया गया। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि बूथ बदलने का फैसला राजनीतिक दबाव में लिया गया है। उन्होंने बीएलओ और एसडीएम स्तर पर मिलीभगत होने का भी आरोप लगाया। 3600 से अधिक मतदाता, बुजुर्गों और महिलाओं को होगी परेशानी ग्रामीणों का कहना है कि लॉ कॉलेज गांव से दूर है। वहां पहुंचने के लिए परिवहन और रास्ते की सुविधा भी पर्याप्त नहीं है। ऐसे में बुजुर्गों, महिलाओं, दिव्यांगों और कामकाजी लोगों को मतदान करने में परेशानी होगी। इससे मतदान प्रतिशत प्रभावित होने की आशंका है। ग्रामीणों ने मांग की कि लॉ कॉलेज में आसपास की नई कॉलोनियों के मतदाताओं के लिए बूथ रखा जाए, जबकि घुघरा गांव के 3600 से अधिक मतदाताओं के लिए पुराना मतदान केंद्र राजकीय विद्यालय में ही बहाल किया जाए।