झालावाड़ में आवारा गाय के हमले में हुई एक व्यक्ति की मौत के मामले में जिला कोर्ट ने नगर परिषद झालावाड़ और राजस्थान सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए मृतक के परिवार को 8 लाख 52 हजार 496 रुपए की क्षतिपूर्ति देने का आदेश दिया है। यह राशि 7 प्रतिशत ब्याज के साथ दो महीने के भीतर परिजनों को देनी होगी। कोर्ट ने माना कि सार्वजनिक मार्ग को आवारा पशुओं से मुक्त रखना संबंधित निकाय और सरकार का विधिक, सामाजिक एवं नैतिक दायित्व है, जिसे निभाने में प्रतिवादी विफल रहे। कोर्ट ने कहा- हादसा दैवीय प्रकोप नहीं था जिला न्यायाधीश आलोक सुरोलिया ने अपने निर्णय में कहा कि हादसा कोई दैवीय प्रकोप नहीं था। यदि सार्वजनिक मार्ग को आवारा पशुओं के व्यवधान से मुक्त रखा जाता तो इस प्रकार की दुर्घटना को टाला जा सकता था। कोर्ट ने नगर परिषद और राज्य सरकार की ओर से लोक दायित्व के निर्वहन में कमी और लापरवाही को स्पष्ट माना। सुबह टहलने निकले थे मोहनलाल, गाय ने किया हमला मृतक मोहनलाल टेलर 20 सितंबर 2023 को सुबह करीब 5:30 बजे पंचमुखी बालाजी रोड पर टहलने निकले थे। इसी दौरान एक गाय ने उन पर हमला कर दिया। हमले में मोहनलाल गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। बेटे ने दर्ज कराई रिपोर्ट, फिर कोर्ट पहुंचा परिवार घटना के बाद मोहनलाल के बेटे लक्ष्मण ने कोतवाली झालावाड़ में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद मोहनलाल की पत्नी गायत्री बाई और बेटे लक्ष्मण ने मुआवजे की मांग को लेकर जिला कोर्ट में याचिका दायर की। तत्कालीन आयुक्त के बयान भी हुए दर्ज मामले की सुनवाई के दौरान नगर परिषद के तत्कालीन आयुक्त नरेंद्र मीणा के बयान भी दर्ज किए गए। कोर्ट ने आयुक्त की ओर से दिए गए बयानों को संतोषजनक नहीं माना। सुनवाई के बाद कोर्ट ने नगर परिषद झालावाड़ और राजस्थान सरकार की जिम्मेदारी तय करते हुए मृतक के परिजनों को क्षतिपूर्ति देने का आदेश दिया। दो माह में 7% ब्याज सहित देना होगा मुआवजा फैसले के अनुसार नगर परिषद झालावाड़ और राजस्थान सरकार के प्रतिनिधि जिला कलेक्टर झालावाड़ को मृतक के परिजनों को 8,52,496 रुपए की क्षतिपूर्ति 7 प्रतिशत ब्याज सहित दो माह के भीतर अदा करनी होगी। मामले में मृतक के परिजनों की ओर से अधिवक्ता ओंकारेश्वर शर्मा ने पैरवी की।